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यूपी: कारोबार के लिए परिवहन सुविधा में यूपी की रैंकिंग 7 अंक सुधरी, सिर्फ दो साल में आया फर्क
Tue, 09 Nov 2021 04:54 PM IST
ishwar ashish
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
Published by: ishwar ashish
Updated Tue, 09 Nov 2021 04:54 PM IST
सार
यूपी सरकार की लॉजिस्टिक सुविधाओं में दो साल में सात अंकों का सुधार हुआ है। हालांकि, इंफ्रास्ट्रक्चर में अभी सुधार की गुंजाइश बताई गई है।
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मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ
- फोटो : amar ujala
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विस्तार
योगी सरकार के नाम एक और बड़ी कामयाबी दर्ज हो गई है। लॉजिस्टिक (व्यावसायिक परिवहन सुगमता) सुविधाओं के लिहाज से यूपी की रैंकिंग में महज दो साल में सात अंकों का सुधार हुआ है। वर्ष 2019 में जहां यूपी को देश में 13वां स्थान मिला था, वहीं इस वर्ष उसने छठा स्थान हासिल किया है। इतना ही नहीं, सबसे ज्यादा कोल्ड स्टोरेज यानी 39.84 प्रतिशत यूपी में ही है।
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केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय ने लीड्स-2021 (विभिन्न राज्यों के बीच व्यावसायिक परिवहन सुगमता) के तहत जारी रिपोर्ट में यह रैंकिंग दी है। इसमें कहा गया है कि यूपी में सबसे ज्यादा 689 रेलवे गुड्स शेड्स हैं। सबसे ज्यादा 2406 कोल्ड स्टोरेज भी यहीं हैं। लॉजिस्टिक के क्षेत्र में सबसे ज्यादा 5495 प्रशिक्षित मानव संसाधन और 58 ट्रेनिंग सेंटर भी यूपी में ही हैं।
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यहां राष्ट्रीय राजमार्गों की कुल लंबाई 11,737 किमी और राज्य राजमार्गों की कुल लंबाई 7147 किमी है। 16001 किमी लंबा रेलवे ट्रैक है। कोल्ड स्टोरेज क्षमता 1,47,14,235 मीट्रिक टन है। लॉजिस्टिक ईको सिस्टम और टर्मिनल पर कार्गो की सुरक्षा और संरक्षा में भी यूपी ने अधिक अंक पाए हैं।
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रिपोर्ट में कहा गया है कि यह इसलिए संभव हो पाया, क्योंकि राज्य सरकार ने इस ओर विशेष ध्यान दिया। साथ ही यह भी कहा गया है कि प्रदेश की रैंक में और सुधार के लिए इंफ्रास्ट्रक्चर के विकास की अभी काफी गुंजाइश है। परिवहन के दौरान कार्गो की सुरक्षा पर अधिक ध्यान दिए जाने की जरूरत है। इस सेक्टर के लिए वैधानिक बाधाएं दूर करने के लिए भी राज्य को काम करने की आवश्यकता है।