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UP: अभिभावक गंभीर बीमार तो 'नेशनल' आधी फीस में देगा शिक्षा...पढ़ाई नहीं रुकेगी; जानें नई योजना

Tue, 30 Dec 2025 07:55 PM IST
आकाश द्विवेदी अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ Published by: आकाश द्विवेदी Updated Tue, 30 Dec 2025 07:55 PM IST
सार

नेशनल पीजी कॉलेज ने छात्रहित में बड़ी पहल की है। अभिभावक के निधन या कैंसर, टीबी, किडनी जैसी गंभीर बीमारी की स्थिति में विद्यार्थियों से आधी फीस ली जाएगी। यह व्यवस्था शैक्षणिक सत्र 2026 से लागू होगी।

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UP: If a parent is seriously ill, National School will provide education at half the fee... studies will not s
प्रतीकात्मक फोटो - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

नेशनल पीजी कॉलेज ने छात्रहित में एक सराहनीय और मानवीय पहल की है। कॉलेज की गवर्निंग काउंसिल ने निर्णय लिया है कि जिन छात्र-छात्राओं के माता या पिता का निधन हो चुका है अथवा वे कैंसर, टीबी, किडनी जैसी गंभीर और असाध्य बीमारियों से पीड़ित हैं, उन्हें फीस में 50 प्रतिशत की छूट दी जाएगी। यह व्यवस्था शैक्षणिक सत्र 2026 से लागू किए जाने की योजना है।

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कॉलेज के प्राचार्य प्रो. देवेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि यह सुविधा स्टूडेंट एड फंड के विस्तार के रूप में दी जाएगी। वर्तमान में इस फंड के तहत नियमित पाठ्यक्रमों के विद्यार्थियों को 1500 रुपये और स्ववित्तपोषित पाठ्यक्रमों के विद्यार्थियों को 5000 रुपये की सहायता प्रदान की जाती है। अब गंभीर पारिवारिक संकट या कमजोर आर्थिक स्थिति से जूझ रहे विद्यार्थियों को फीस में सीधी राहत देकर उनकी पढ़ाई बाधित होने से बचाई जाएगी।

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इन विद्यार्थियों को मिलेगी राहत

जिन विद्यार्थियों के अभिभावक का निधन हो चुका है या वे कैंसर, टीबी, किडनी जैसी गंभीर बीमारियों से पीड़ित हैं, उनका चयन एक समिति द्वारा किया जाएगा। पारदर्शिता बनाए रखने के लिए चयनित विद्यार्थियों की सूची सार्वजनिक की जाएगी। आवेदकों को शपथ पत्र के माध्यम से प्रस्तुत जानकारी की सत्यता प्रमाणित करनी होगी।

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बैठक में शैक्षणिक विकास से जुड़े अन्य महत्वपूर्ण निर्णय भी लिए गए। आईसीटी योजना के तहत कक्षाओं में इंट्रैक्टिव पैनलों की संख्या बढ़ाने, शिक्षकों के पीएफ-ईपीएफ में वृद्धि के लिए समिति गठन तथा द्वितीय परिसर में एकेडमिक व प्रशासनिक भवन योजना को आगे बढ़ाने पर सहमति बनी। साथ ही अप्रेंटिसशिप एंबेडेड डिग्री प्रोग्राम के अंतर्गत दो नए पाठ्यक्रम शुरू करने की तैयारी भी की जा रही है।
 

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