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Lucknow News: उप्र बार काउंसिल चुनाव एक माह बाद, उम्मीदवार संपर्क में जुटे

Mon, 29 Dec 2025 02:15 AM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ
संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ Updated Mon, 29 Dec 2025 02:15 AM IST
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UP Bar Council elections a month away, candidates in touch
अ​धिवक्ता मुकेश मिश्रा।
लखनऊ। उत्तर प्रदेश बार काउंसिल चुनाव की तिथि घोषित होने पर आठ वर्ष से बैठे उम्मीदवारों में नया जोश भर गया है। प्रदेश भर में चुनाव चार चरणों में होंगे। वहीं, लखनऊ के वकील 27 और 28 जनवरी को हाईकोर्ट परिसर में मतदान करेंगे। इसकी तैयारियां भी शुरू हो गई है। उम्मीदवार अधिवक्ताओं से डोर टू डोर मिल रहे हैं।
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आठ वर्ष से चुनाव न होने पर वकीलों में आक्रोश था। सुप्रीम कोर्ट में अर्जी डाली गई थी। इस पर कोर्ट ने बार काउंसिल ऑफ इंडिया को जल्द ही चुनाव कराने का आदेश दिया था। फिर चुनाव का कार्यक्रम घोषित होने के साथ ही अधिवक्ताओं की नाराजगी दूर हुई। विजय रथ पर चढ़ने के लिए राजधानी से 69 वकीलों ने दावेदारी की है। जबकि प्रदेशभर में 333 प्रत्याशी हैं। 69 उम्मीदवार तेजी से प्रचार-प्रसार में जुट गए हैं। परचे बांटने के साथ ही उम्मीदवार और उनके समर्थक बैठक कर रहे हैं। वे लोगों से व्यक्गित भी मिल रहे हैं।
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69 उम्मीदवार मैदान में : चुनाव के लिए 69 उम्मीदवारों में प्रशांत सिंह अटल, दिलीप कुमार श्रीवास्तव, अखिलेश कुमार अवस्थी, शिशिर चतुर्वेदी, दीपक यादव, परेश मिश्रा व 63 अन्य हैं।
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सीओपी के कारण अटका था चुनाव

अधिवक्ता मुकेश मिश्रा ने बताया कि उप्र प्रदेश बार काउंसिल के चुनाव हर पांच वर्ष में होते हैं। मगर सर्टिफिकेट ऑफ प्रैक्टिस (सीओपी) की प्रक्रिया में काफी समय लग गया और चुनाव में भी देरी होती चली गई।


जानिए क्या है सीओपी

अधिवक्ता ने बताया तमाम वकील ऐसे हैं, जो उप्र बार काउंसिल में रजिस्ट्रेशन तो करा लेते, पर वे प्रैक्टिस छोड़कर ठेकेदारी, व्यापार और रोजगार करने लगते थे। यही नहीं बड़ी संख्या में वकीलों पर कब्जा करने के साथ ही गलत कार्यों में भी लिप्त रहने की शिकायतें मिलने लगीं। इसके चलते करीब सात वर्ष पहले बार उप्र बार काउंसिल ने वकालत करने के बजाय अन्य काम करने वालों को चिह्नित करने के लिए योजना बनाई। तभी सीओपी का नियम बनाया। इसके तहत प्रैक्टिस करने वाले वकीलों को रजिस्ट्रेशन के साथ ही सीओपी भी हासिल करना अनिवार्य हो गया। यह सर्टिफिकेट पांच वर्ष तक ही मान्य होता है।
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