फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   Two law students from Lucknow University suspended over allegations of creating a ruckus at the Supreme Court.

Lucknow : सुप्रीम कोर्ट में हंगामे के आरोप में एलयू के दो विधि छात्र निलंबित, कैंपस में प्रवेश पर भी रोक

Mon, 20 Jul 2026 11:19 PM IST
Ishwar Ashish Bhartiya अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ Published by: Ishwar Ashish Bhartiya Updated Mon, 20 Jul 2026 11:19 PM IST
सार

छात्रों पर देश के सर्वोच्च न्यायिक संस्थान सुप्रीम कोर्ट की गरिमा के प्रतिकूल आचरण करने का आरोप है। प्रबल प्रताप सिंह विधि स्नातक पांच वर्षीय पांचवें सत्र के छात्र हैं। चंद्र भान भी इसी सत्र के छात्र हैं। दोनों पर सुप्रीम कोर्ट की कार्रवाई के दौरान अभद्र व्यवहार करने का आरोप है।

विज्ञापन
Two law students from Lucknow University suspended over allegations of creating a ruckus at the Supreme Court.

विस्तार

लखनऊ विश्वविद्यालय ने सुप्रीम कोर्ट में कथित हंगामे के आरोप में अपने दो विधि छात्रों को अनिश्चितकाल के लिए निलंबित कर दिया है। विश्वविद्यालय प्रशासन ने प्रबल प्रताप सिंह और चंद्र भान को छात्रावास से भी निष्कासित कर दिया है। इसके साथ ही, दोनों छात्रों के विश्वविद्यालय परिसर में प्रवेश पर भी रोक लगा दी गई है।

विज्ञापन


विश्वविद्यालय प्रशासन ने सोमवार को कार्यालय आदेश जारी कर यह कार्रवाई की है। यह कार्रवाई 11 जुलाई को दर्ज प्राथमिकी संख्या-108/2026 और अनुशासन समिति की 15 जुलाई की रिपोर्ट के आधार पर की गई है। पूरा मामला बीते 10 जुलाई को सुप्रीम कोर्ट के एक ओपन कोर्टरूम में सुनवाई के दौरान लखनऊ यूनिवर्सिटी के एक लॉ छात्र प्रबल प्रताप सिंह ने जजों के सामने कागजात उछाले और भारत के मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत के लिए अपशब्द कहे थे। इस दौरान उनके साथ छात्र चंद्रभान भी मौजूद थे।
विज्ञापन


ये भी पढ़ें - यूपी: प्रदेश में खुला माध्यमिक विद्यालयों में शिक्षक बनने का मौका, 21252 पदों पर होंगी नियुक्तियां; जानिए डिटेल
विज्ञापन
विज्ञापन


ये भी पढ़ें - राम मंदिर चढ़ावा चोरी: आईजी रेंज लखनऊ की अध्यक्षता में बनेगी नई एसआईटी, जुलाई के अंत तक पूरी होगी जांच


छात्रों पर देश के सर्वोच्च न्यायिक संस्थान सुप्रीम कोर्ट की गरिमा के प्रतिकूल आचरण करने का आरोप है। प्रबल प्रताप सिंह विधि स्नातक पांच वर्षीय पांचवें सत्र के छात्र हैं। चंद्र भान भी इसी सत्र के छात्र हैं। दोनों पर सुप्रीम कोर्ट की कार्रवाई के दौरान अभद्र व्यवहार करने का आरोप है। उन पर सुरक्षा कर्मी से मारपीट और न्यायिक कार्रवाई में बाधा डालने के आरोप में गिरफ्तारी हुई थी। विश्वविद्यालय ने इस मामले को गंभीरता से लिया है। दिल्ली पुलिस की एक टीम सोमवार को लखनऊ विश्वविद्यालय के नवीन परिसर स्थित विधि संकाय पहुंची थी। टीम ने इन छात्रों के बारे में जानकारी हासिल की और वापस लौट गई।

स्पष्टीकरण देने का निर्देश
विश्वविद्यालय ने निलंबित छात्रों को नोटिस जारी किया है। उन्हें नोटिस प्राप्त होने के तीन कार्यदिवस के भीतर कुलानुशासक कार्यालय में स्वयं उपस्थित होना होगा। इस दौरान उन्हें अपना लिखित स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने का निर्देश दिया गया है। यदि वे ऐसा नहीं करते हैं, तो इसे बचाव में कुछ न कहना माना जाएगा। इसके बाद उनके विरुद्ध अंतिम अनुशासनात्मक कार्रवाई शुरू कर दी जाएगी।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed