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ट्विटर इंडिया के हेड ने बताया, ट्वीट पर क्यों होता है तुरंत एक्शन

Fri, 09 Sep 2016 04:20 PM IST
ब्यूरो/अमरउजाला, लखनऊ
ब्यूरो/अमरउजाला, लखनऊ Updated Fri, 09 Sep 2016 04:20 PM IST
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twitter india head raheel khursheed in lucknow
रहिल खुर्शीद - फोटो : amar ujala
ट्विटर इंडिया के हेड (न्यूज, सरकार व राजनीतिक साझेदारी) रहिल खुर्शीद गुरुवार को उत्तर प्रदेश पुलिस द्वारा शुरू की गई ‘ट्विटर सेवा’ की लॉन्चिंग के मौके पर लखनऊ में थे।
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इस दौरान हुई बातचीत में उन्होंने दावा किया कि ‘ट्विटर सेवा’ से सूबे के करोड़ों युवाओं को पुलिस के सामने अपनी बात रखने का प्लेटफॉर्म मिलेगा। वहीं सरकार भी उनसे सीधे जुड़ सकेगी।
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यूपी से कितने यूजर्स ट्विटर पर हैं?

यूपी या प्रदेशों के अलग से कोई आंकड़े ट्विटर इंडिया जारी नहीं करती है। हां, भारत ट्विटर के लिए बहुत बड़ा मार्केट है। इसीलिए ट्विटर भारत के लिए अलग से प्रोडक्ट लेकर आ रहा है। ‘ट्विटर सेवा’ को भी भारतीयों की जरूरतों के अनुसार बनाया गया है।

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युवाओं को किस तरह जोड़ रहे हैं?
ट्विटर ने यूपी के युवाओं को अपनी बात रखने का एक प्लेटफॉर्म दिया है। लोगों को अगर यह लगता था कि यूपी के युवाओं के लिए ट्विटर नहीं है तो 2014 के चुनाव ने इस सोच को बदल दिया। बड़ी संख्या में युवाओं ने इस प्लेटफॉर्म का उपयोग किया। 

दूसरी ओर हिंदी में ट्विटर की उपलब्धता संभवतया यूपी के नागरिकों, खास तौर से युवाओं को जोड़ने के लिए ही करवाई गई। उन लोगों को आवाज मिल रही है जो सवाल पूछना चाहते थे, लेकिन उन्हें अवसर नहीं मिले थे।

यूपी के राजनीतिज्ञों द्वारा अपने अकाउंट वेरिफाई करवाने का चलन बढ़ा है? विधानसभा चुनाव से इसका कोई संबंध है?
यूपी से राजनेताओं द्वारा अकाउंट वेरिफाई करने के लिए काफी समय से हमारे पास आवेदन किए जा रहे हैं। इसका चुनाव से संबंध होने पर मैं कोई टिप्पणी नहीं कर सकता।

ट्विटर सेवा की जरूरत क्यों?
सरकारी संस्थान अपने नागरिकों के लिए जो काम कर रहे हैं, उसे वास्तविक समय में मापना इस सेवा के जरिए संभव हो सकेगा। यूपी पुलिस ने जब से ट्विटर पर की जाने वाली शिकायतों पर एक्शन लेना शुरू किया, शिकायतों की संख्या भी बढ़ने लगी। 

हर शिकायत को देखना मुश्किल हो रहा था। शिकायतों का बेहतर प्रबंधन ट्विटर सेवा से संभव है। इसमें पुलिस के पास आने वाली शिकायतों का लेखा-जोखा उपलब्ध होता है। उन पर कार्रवाई नहीं हो रही है तो वरिष्ठ अधिकारी जरूरी निर्देश दे सकते हैं। यह सभी प्रक्रिया लोगों के सामने हो रही है।

रेल मंत्रालय ट्विटर से कर रहा समस्याओं का समाधान

twitter india head raheel khursheed in lucknow
रहिल खुर्शीद - फोटो : amar ujala
सोशल मीडिया पर होने वाली शिकायतों को गंभीरता से लिया जाएगा? (डीजीपी स्पष्ट कर चुके हैं कि इन शिकायतों के मिलने भर पर एफआईआर दर्ज नहीं होगी, इन शिकायतों का न्यायिक कार्यों में महत्व नहीं होगा।)

सोशल मीडिया की गंभीरता को वैनिटी मैट्रिक्स से मापा जा सकता है, जिसमें किसी के कितने फॉलोअर्स हैं, किसी तस्वीर या कमेंट को कितने शेयर व लाइक मिल रहे हैं, इन बातों को महत्व दिया जाता है। दूसरा जरिया है इंपैक्ट मैट्रिक्स का, ट्विटर सेवा इसी पर काम करती है।

किसी ट्विटर हैंडल को कितने लोग टैग करके अपनी बात कह रहे हैं, वह कितने लोगों तक पहुंच रही है, उस पर क्या प्रतिक्रिया, कार्रवाई हो रही है, पब्लिक को क्या राहत मिल रही है? इन बातों से इंपैक्ट मैट्रिक्स बनता है।

अब तक क्या परिणाम मिले हैं?
ट्विटर सेवा हर महीने 4.25 लाख ट्वीट्स प्रोसेस कर रही है। रेल मंत्रालय ट्विटर सेवा का काफी समय से इस्तेमाल कर रहा है। वहां नागरिक हर महीने ट्विटर से करीब सात हजार शिकायतें भेज रहे हैं। मंत्रालय ट्विटर सेवा के जरिए नागरिकों की समस्याओं का समाधान कर रहा है।

रेलयात्रा के दौरान अगर साथी बीमार हो जाए तो अगले स्टेशन पर मदद मिल रही है। अभी मध्यप्रदेश में कुछ महिलाओं से चलती ट्रेन में छेड़छाड़ हो रही थी, उन्होंने ट्वीट किया और आठ मिनट में जीआरपी ने वहां पहुंच कर छेड़छाड़ करने वालों को पकड़ लिया। मुझे उम्मीद है यूपी पुलिस के पास आने वाली शिकायतों की संख्या इससे कहीं अधिक रहेगी।  

लेकिन क्या सभी पुलिस अधिकारी इसका सही उपयोग कर सकेंगे?
पुलिसकर्मियों को ट्रेनिंग दी गई है। ट्विटर इंडिया का काम है अपनी सेवा उपलब्ध करवाना। पुलिस कर्मियों की ट्रेनिंग पुलिस विभाग को देनी होगी।

क्या अन्य विभागों के लिए यह सेवा देने का प्रयास करेंगे?
किसी विभाग के लिए ट्विटर सेवा शुरू करना उस विभाग के समर्पण पर निर्भर है। आप नागरिकों को बताते हैं कि विभाग से जुड़ी शिकायतों को यहां दीजिए, फिर नागरिकों की अपेक्षाएं आपसे जुड़ जाती हैं।

यूपी पुलिस ने इसके लिए अपना समर्पण दिखाया है। कुछ और विभाग भी इस सेवा के लिए संपर्क करते हैं, लेकिन समर्पण नहीं होने की वजह से उन सभी को इस सेवा से नहीं जोड़ा जा सकता। 
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