फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   The exploration of deep-sea bio-resources will accelerate the pace of the Blue Economy.

Lucknow News: गहरे समुद्री जैव संसाधनों की खोज से बढ़ेगी ब्ल्यू इकॉनमी की रफ्तार

Sat, 09 May 2026 02:40 AM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Sat, 09 May 2026 02:40 AM IST
विज्ञापन
The exploration of deep-sea bio-resources will accelerate the pace of the Blue Economy.
राष्ट्रीय मत्स्य आनुवांशिक संसाधन ब्यूरो में हुआ कार्यक्रम। 
लखनऊ। गहरे समुद्र की मछलियों के अंगों से विकसित की गई छह नई सेल लाइन (कोशिकाएं) समुद्री जैव-संसाधनों की खोज, उनके संरक्षण व देश की ब्ल्यू इकॉनमी को रफ्तार देने में सहायक होंगी। यह गहरे समुद्र की जैव विविधता पर अनुसंधान के क्षेत्र में भारत की बढ़ती क्षमताओं का प्रतीक है, जिसकी अभी तक खोज नहीं हुई है। यह बातें इन कोशिकाओं के लॉन्चिंग के दौरान नेशनल ब्यूरो ऑफ फिश जेनेटिक रिसोर्सेज कोच्चि के निदेशक डॉ. काजल चक्रबर्ती ने कहीं।
विज्ञापन


शुक्रवार को तेलीबाग स्थित राष्ट्रीय मत्स्य आनुवांशिक संसाधन ब्यूरो में हुए कार्यक्रम में भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद-नेशनल ब्यूरो ऑफ फिश जेनेटिक रिसोर्सेज कोच्चि की ओर से हुए कार्यक्रम में इन कोशिकाओं का प्रदर्शन हुआ। मुख्य अतिथि पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय के सचिव डॉ. एम रविचंद्रन ने कहा कि यह हमारे डीप ओसियन (गहरे समुद्री) मिशन परियोजना का परिणाम है। इस दौरान कई एमओयू भी साइन हुए। डीप ओशन मिशन के निदेशक डॉ. एमवी रमनामूर्ति, इंडियन नेशनल सेंटर फॉर ओसियन इंफॉर्मेशन सर्विसेज के निदेशक डॉ. टीएम बालकृष्णन नायर और सेंटर फॉर मरीन लिविंग रिसोर्सेज एंड इकोलॉजी के निदेशक डॉ. आरएस महेशकुमार मौजूद रहे।

राष्ट्रीय मत्स्य आनुवांशिक संसाधन ब्यूरो में हुआ कार्यक्रम। 

राष्ट्रीय मत्स्य आनुवांशिक संसाधन ब्यूरो में हुआ कार्यक्रम। 

राष्ट्रीय मत्स्य आनुवांशिक संसाधन ब्यूरो में हुआ कार्यक्रम। 

राष्ट्रीय मत्स्य आनुवांशिक संसाधन ब्यूरो में हुआ कार्यक्रम। 

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed