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Lucknow News: बोगस फर्म से 37.52 लाख रुपये की कर चोरी, मुकदमा
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लखनऊ। बोगस फर्म से 37.52 लाख रुपये की जीएसटी चोरी में राज्य कर विभाग ने महानगर थाने में केएस इंटरप्राइजेज व उसके संचालक असम के टीटाबोर निवासी अनुपम गोगोई पर केस दर्ज कराया है। आरोपी ने फर्जी बिलों से 2.04 करोड़ रुपये का कारोबार दिखाकर 37.52 लाख रुपये की इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) क्लेम की थी।
राज्यकर उपायुक्त अशोक कुमार त्रिपाठी की ओर से दर्ज कराए केस में बताया गया कि फर्जी दस्तावेज पर फर्म का ऑनलाइन पंजीकरण कराया गया। दिए पते पर जांच करने पर फर्म का अस्तित्व नहीं मिला। पंजीकरण के दौरान अलीगंज के अंशुल राज के भवन का पता दर्ज कराया गया था। जांच में सामने आया कि दस्तावेज फर्जी हैं। मालिक ने इस तरह की फर्म को किराये पर भवन देने की बात से इनकार किया।
फर्जी 31 ई-वे बिल का जिक्र कर जेएमके इंडस्ट्रीज के नाम तीन ई-वेबिल पर 17.17 लाख, मल्टीमेटल इंडस्ट्रीज के नाम 18 ई-वेबिल पर 1.19 करोड़ और कपित सिंगला के नाम से 10 ई-वेबिल पर 71.51 लाख रुपये का कारोबार दिखाया गया था। बिना किसी सामान की आवाजाही के फर्जी बिलों के सहारे ही 2.04 करोड़ का कारोबार कर 37.52 लाख रुपये की कर चोरी की गई।
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राज्यकर उपायुक्त अशोक कुमार त्रिपाठी की ओर से दर्ज कराए केस में बताया गया कि फर्जी दस्तावेज पर फर्म का ऑनलाइन पंजीकरण कराया गया। दिए पते पर जांच करने पर फर्म का अस्तित्व नहीं मिला। पंजीकरण के दौरान अलीगंज के अंशुल राज के भवन का पता दर्ज कराया गया था। जांच में सामने आया कि दस्तावेज फर्जी हैं। मालिक ने इस तरह की फर्म को किराये पर भवन देने की बात से इनकार किया।
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फर्जी 31 ई-वे बिल का जिक्र कर जेएमके इंडस्ट्रीज के नाम तीन ई-वेबिल पर 17.17 लाख, मल्टीमेटल इंडस्ट्रीज के नाम 18 ई-वेबिल पर 1.19 करोड़ और कपित सिंगला के नाम से 10 ई-वेबिल पर 71.51 लाख रुपये का कारोबार दिखाया गया था। बिना किसी सामान की आवाजाही के फर्जी बिलों के सहारे ही 2.04 करोड़ का कारोबार कर 37.52 लाख रुपये की कर चोरी की गई।
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