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'मोदी टेकते हैं माथा पर उनकी पार्टी फेंकती है जूते'

Wed, 02 Jul 2014 12:13 PM IST
राजेंद्र सिंह/अमर उजाला, लखनऊ
राजेंद्र सिंह/अमर उजाला, लखनऊ Updated Wed, 02 Jul 2014 12:13 PM IST
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ruckus in vidhanmandal of Uttar Pradesh

भारतीय जनता युवा मोर्चा कार्यकर्ताओं और पुलिस के बीच सोमवार को हुए हिंसक संघर्ष के मुद्दे पर मंगलवार को भी विधानसभा में हंगामा हुआ।

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भाजपा सदस्यों वैल में आकर धरना दिया और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। उनके हंगामे के कारण विधानसभा की कार्यवाही एक घंटा 55 मिनट स्थगित रही।

संसदीय कार्यमंत्री आजम खां ने कहा कि विधानसभा पर अराजक तत्वों के हमले को उतनी ही गंभीरता से लिया जाना चाहिए जितना गंभीर संसद पर आतंकी हमला था।

उधर, नेता प्रतिपक्ष स्वामी प्रसाद मौर्या ने कहा कि एक ओर ससंद में मोदी माथा टेकते हैं, लेकिन उनकी पार्टी के लोग विधान भवन पर जूते फेंकते हैं।

प्रदेश को आग में झोंकना चाहते हैं भाजपाई

ruckus in vidhanmandal of Uttar Pradesh

शून्य काल में भाजपा विधानमंडल दल के उपनेता सतीश महाना ने भाजयुमो कार्यकर्ताओं पर लाठीचार्ज का मामला उठाया। उन्होंने कहा कि सरकार की नीतियों के कारण यह नौबत आई। उन्होंने लाठीचार्ज की निंदा की।

संसदीय कार्यमंत्री आजम खां ने कहा कि भाजपा कार्यालय से हथियारों और औजारों का जखीरा जमा किया गया। हथियारबंद लोगों ने बम फेंके, पथराव किया, तेजाब की बोतले फेंकी। ऐसा लग रहा था जैसे दुश्मन की फौज पर हमला हो। उनसे मीडिया के लोगों ने सुरक्षा मांगी है, वे घायल हुए हैं, उनकी गाड़ियां तोड़ी गईं।

पुलिस कांस्टेबल गिड़गिड़ा रहे थे और भाजपाई उन्हें लाठियों से पीट रहे थे। भाजपा सदस्यों के शोरशराबे के बीच उन्होंने कहा कि महात्मा गांधी को राष्ट्रपिता न मानने वाले लोगों का यह अराजक व्यवहार केंद्र सरकार की नाकामी और निकम्मेपन का नतीजा है।

आजम ने कहा कि दिल्ली में बिजली, पानी नहीं है। सब्जियां महंगी हैं, चीनी, पेट्रोल, डीजल की कीमतें बढ़ा दी गईं। इन्हें छिपाने के लिए वे प्रदेश को आग में झोंकना चाहते हैं।

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विधानसभा खतरे में है

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आजम खां ने कहा कि जिन राजनीतिक दलों के दफ्तर विधानभवन से 10 मीटर की दूरी पर हैं, उन्हें तुरंत हटाया जाए। आजम खां ने कहा कि विधानभवन पर जिस तरह बमों से हमला हुआ, वह बेहद गंभीर है। इसे उतनी ही गंभीरता से लिया जाना चाहिए जितना संसद पर आतंकी हमले को लिया गया था।

उन्होंने कहा, हथियारबंद लोग बम लेकर विधानसभा में आ जाते तो क्या होता ? विधानसभा खतरे में है, यहां बैठे सदस्य खतरे में हैं। मुख्यमंत्री, विधानसभा अध्यक्ष और सरकार खतरे में है। उन्होंने विधानसभा अध्यक्ष से इसका संज्ञान लेने का आग्रह किया।

इससे पहले प्रश्न प्रहर में भी इस मुद्दे को लेकर सत्तापक्ष और भाजपा के बीच तीखी नोकझोंक हुई। प्रश्न प्रहर शुरू होते ही आजम ने यह मामला उठाते हुए भाजपा पर हमला बोला।

लगभग 15 मिनट तक भाजपा और सपा के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर चला। सदन का माहौल ज्यादा गरमा जाने के बाद 11.15 बजे अध्यक्ष ने सदन की कार्यवाही 10 मिनट के लिए स्थगित कर दी। इसके बाद दो बार स्थगन 10-10 मिनट और बढ़ाया गया।

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एक तरफ माथा टेका, दूसरी तरफ जूते फेंके

ruckus in vidhanmandal of Uttar Pradesh

नेता प्रतिपक्ष स्वामी प्रसाद मौर्य ने कहा कि लोकतंत्र में हिंसा, तोड़फोड़, पथराव और बमों की जगह नहीं है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी संसद में माथा टेकते हैं और उनकी पार्टी के लोग विधानभवन पर जूते फेंकते हैं।

यह लोकतंत्र के मंदिर पर चोट का प्रयास है। उन्होंने कहा कि भाजपा के लोग सपा की ही नकल कर रहे हैं। सपा की हल्ला बोल संस्कृति से ऐसे हमलों को बल मिला है।

उन्होंने कहा कि सोमवार को विधानभवन के बाहर हुई अराजकता में भाजपा-सपा की मिलीभगत की बू आ रही है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार को बचाने का काम कर रही है।

महत्वपूर्ण बजटों पर चर्चा न हो इसलिए हंगामा हो रहा है। हंगामे के दौरान ही लोकनिर्माण विभाग का बजट पेश किया गया और बिना चर्चा के ही पास कर दिया गया।

आजम के जवाब से उत्तेजित हुए भाजपाई

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आजम खां के जवाब के दौरान ही भाजपा सदस्य उत्तेजित हो गए थे। उन्होंने वैल में आकर नारेबाजी की। अध्यक्ष के बार-बार समझाने के बाद भी वे नहीं माने। महाना ने कहा कि पुलिस ने युवा मोर्चा कार्यकर्ताओं को निशाना बनाकर रबर बुलेट चलाईं।

इस पर आजम खां ने फिर कहा कि विधानसभा पर गुंडों का हमला नहीं होने दिया जाए। इस बीच भाजपा के सुरेश राणा, लोकेन्द्र सिंह, उपेन्द्र तिवारी और कुछ और सदस्य वैल में धरने पर बैठ गए। बाद में सभी विधायक उनके साथ आ गए और नारेबाजी शुरू हो गई।

तीन बार स्थगित हुई कार्यवाही
भाजपा सदस्यों के लगातार हंगामे और धरने के बाद विधानसभा अध्यक्ष माता प्रसाद पांडेय ने दो बजे सदन की कार्यवाही पांच मिनट के लिए स्थगित कर दी। 2.05 बजे स्थगन का समय 2.45 बजे तक के लिए बढ़ा दिया। स्थगन समय फिर दस मिनट बढ़ाकर 2.55 बजे तक कर दिया गया।

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