होली पर वापसी: सुस्त सर्वर के चलते नहीं हो पाईं तत्काल की टिकटें, 300 से ऊपर पहुंची नियमित ट्रेनों की वेटिंग
Holi return train ticket: दिल्ली और मुंबई से होली मनाने के लिए यूपी के अलग-अलग शहरों में आए लोगों की वापसी का सफर मुश्किल होता जा रहा है। ट्रेनों में टिकट की गुंजाइश कठिन होती जा रही है।
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आईआरसीटीसी के सुस्त सर्वर ने रविवार को तत्काल कोटे से सीट की आस लगाए बैठे यात्रियों को मायूस कर दिया। कोटा खुलने के सिर्फ पांच मिनट में ही दिल्ली, मुंबई रूट की ट्रेनों की तत्काल सीटें फुल हो गईं। नियमित ट्रेनों में लंबी वेटिंग अभी भी बनी हुई है। इससे यात्रियों को जनरल बोगियों में सफर के लिए मजबूर होना पड़ रहा है।
होली के बाद दिल्ली व मुंबई लौटने वालों का सिलसिला रविवार को भी जारी रहा। चारबाग व लखनऊ जंक्शन सहित राजधानी के सभी रेलवे स्टेशनों पर यात्रियों की भीड़ रही। नियमित ट्रेनों में कन्फर्म सीटों की मारामारी के चलते रविवार सुबह यात्रियों ने तत्काल कोटे में टिकट बुक कराने का प्रयास किया।
सोमवार को लखनऊ से दिल्ली व मुंबई जाने वाली ट्रेनों में 520 तत्काल कोटे की सीटें थीं। आलमबाग निवासी अनुज सिंह ने पुष्पक एक्सप्रेस की थर्ड एसी के लिए तत्काल में सीट बुक करने का प्रयास किया, लेकिन आईआरसीटीसी के सुस्त सर्वर ने उन्हें मायूस कर दिया।
वे दोबारा प्रयास करते, उससे पहले ही वेटिंग शुरू हो गई। ऐसे ही अरुण यादव ने लखनऊ मेल से दिल्ली के लिए सेकंड एसी में टिकट बुक कराने की कोशिश की, लेकिन सफलता नहीं मिली। अब वे सोमवार को शेयर्ड टैक्सी से दिल्ली रवाना होंगे।
300 पहुंची नियमित ट्रेनों में वेटिंग
लखनऊ से दिल्ली व मुंबई जाने वाली नियमित ट्रेनों में वेटिंग का आंकड़ा तीन सौ पार पहुंच गया है। लखनऊ से दिल्ली जाने वाली एसी एक्सप्रेस, लखनऊ मेल, शताब्दी, वंदे भारत, कैफियात, पद्मावत, काशी विश्वनाथ आदि ट्रेनों की वेटिंग तीन सौ तक पहुंच गई है। मुंबई जाने वाली पुष्पक, कुशीनगर, गोरखपुर एलटीटी आदि ट्रेनों की वेटिंग भी सवा सौ पार चल रही है।
शेयर्ड टैक्सी बन रही सहारा
शेयर्ड टैक्सी यात्रियों के लिए सहारा बन रही हैं। रविवार को शेयर्ड टैक्सी की आठ सौ से अधिक बुकिंग हुई। एयरवॉक ट्रेवेल एजेंसी के आतिफ ने बताया कि शेयर्ड टैक्सी की मांग बढ़ी है। इसकी वजह उनका सस्ता होना है। लखनऊ से दिल्ली की टैक्सी नौ सौ से 15 सौ तक मिल रही है। बिहार व पूर्वांचल के राज्यों के लिए टैक्सी पांच सौ से दो हजार रुपये के बीच उपलब्ध हैं।
बस अड्डों पर उमड़े यात्री
रविवार को लखनऊ के बस अड्डों पर यात्रियों की भीड़ रही। रोडवेज प्रशासन की ओर से अतिरिक्त बसों की व्यवस्था होने से सफर का संकट नहीं हुआ। गर्मी के चलते मुसाफिर बस अड्डों पर परेशान हुए। अगले तीन दिनों तक यात्रियों की वापसी की भीड़ बस अड्डों पर होने की उम्मीद अफसर जता रहे हैं।