{"_id":"6a612f884bd91ac7070d4182","slug":"religion-is-not-about-outward-displays-it-is-about-a-positive-outlook-on-life-lucknow-news-c-13-lko1096-1839956-2026-07-23","type":"story","status":"publish","title_hn":"Lucknow News: बाहरी आडंबर नहीं, सकारात्मक जीवन दृष्टि का नाम है धर्म","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Lucknow News: बाहरी आडंबर नहीं, सकारात्मक जीवन दृष्टि का नाम है धर्म
विज्ञापन
लखनऊ। आशियाना स्थित दिगंबर जैन मंदिर में बुधवार को धार्मिक और आध्यात्मिक माहौल के बीच भगवान का जलाभिषेक, शांतिधारा और नित्य-नियम पूजा हुई। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने पूजा कर धर्मलाभ लिया। अवसर पर बच्चों और युवाओं के लिए जैन संस्कार पाठशाला का भी शुभारंभ किया गया।
धर्मसभा को संबोधित करते हुए उपाध्यायश्री 108 विहसंत सागरजी ने कहा कि टेंशन रहित होकर सही इंटेंशन में होना ही धर्म है। धर्म केवल बाहरी आडंबर का विषय नहीं, बल्कि शुद्ध विचार, श्रेष्ठ भाव और सकारात्मक जीवन दृष्टि का नाम है। जब मनुष्य का उद्देश्य पवित्र होता है तो उसके कर्म भी धर्ममय बन जाते हैं। उन्होंने तनाव, क्रोध, लोभ और अहंकार से दूर रहकर संयम, करुणा और आत्मचिंतन के साथ जीवन जीने का संदेश दिया।
हर शनिवार को लगेगी जैन संस्कार पाठशाला
मंदिर समिति के अध्यक्ष चंद्रप्रकाश जैन ने बताया कि आशियाना दिगंबर जैन मंदिर में अब हर शनिवार दोपहर तीन बजे निशुल्क जैन संस्कार पाठशाला का आयोजन होगा। इसमें दो वर्ष के बच्चों से लेकर 30 वर्ष तक के युवाओं को जैन धर्म के मंत्र, धार्मिक संस्कार, नैतिक जीवन मूल्य, धार्मिक आचरण और व्यक्तित्व निर्माण की शिक्षा दी जाएगी। उन्होंने अभिभावकों से बच्चों को अधिक से अधिक संख्या में पाठशाला से जोड़ने की अपील की।
विज्ञापन
विज्ञापन
धर्मसभा को संबोधित करते हुए उपाध्यायश्री 108 विहसंत सागरजी ने कहा कि टेंशन रहित होकर सही इंटेंशन में होना ही धर्म है। धर्म केवल बाहरी आडंबर का विषय नहीं, बल्कि शुद्ध विचार, श्रेष्ठ भाव और सकारात्मक जीवन दृष्टि का नाम है। जब मनुष्य का उद्देश्य पवित्र होता है तो उसके कर्म भी धर्ममय बन जाते हैं। उन्होंने तनाव, क्रोध, लोभ और अहंकार से दूर रहकर संयम, करुणा और आत्मचिंतन के साथ जीवन जीने का संदेश दिया।
विज्ञापन
हर शनिवार को लगेगी जैन संस्कार पाठशाला
मंदिर समिति के अध्यक्ष चंद्रप्रकाश जैन ने बताया कि आशियाना दिगंबर जैन मंदिर में अब हर शनिवार दोपहर तीन बजे निशुल्क जैन संस्कार पाठशाला का आयोजन होगा। इसमें दो वर्ष के बच्चों से लेकर 30 वर्ष तक के युवाओं को जैन धर्म के मंत्र, धार्मिक संस्कार, नैतिक जीवन मूल्य, धार्मिक आचरण और व्यक्तित्व निर्माण की शिक्षा दी जाएगी। उन्होंने अभिभावकों से बच्चों को अधिक से अधिक संख्या में पाठशाला से जोड़ने की अपील की।
विज्ञापन