रस्तोगी ब्रदर्स ने 83 करोड़ की कमाई पर किया था टैक्स का घपला, तहखाने से मिले नोटों के बंडल
राजधानी लखनऊ के कारोबारी रस्तोगी बंधुओं कन्हैया लाल रस्तोगी और संजय रस्तोगी ने 83 करोड़ रुपये की काली कमाई पर आयकर की चोरी की थी। आयकर विभाग की 50 घंटे की जांच पूरी होने के बाद रस्तोगी बंधुओं ने अफसरों के समक्ष 83 करोड़ रुपये की काली कमाई पर टैक्स भरने के लिए सरेंडर कर दिया है। हालांकि आयकर अफसरों ने सरेंडर वैल्यू (कुल काली कमाई) खुद तय करने के बाद टैक्स वसूली का अल्टीमेटम दिया है।
आयकर अफसरों की टीम ने 17 जुलाई की सुबह 8 बजे रस्तोगी बंधुओं के यहां छापा मारा था। बृहस्पतिवार को सुबह 10 बजे तक यानी 50 घंटे की जांच की कार्रवाई पूरी करके टीम राजा बाजार स्थित रस्तोगी बंधुओं के घर से 100 किलो सोना व लगभग 10 करोड़ रुपये कैश लेकर निकली तो उन्हें देखने के लिए बाहर मोहल्ले के लोगों की भीड़ लगी थी। लोगों का कहना था कि राजा बाजार में घरों के भीतर तहखाना बना रखे थे, जिसका खुलासा आयकर छापे में हुआ।
आयकर विभाग की तिजोरी में सुरक्षित रखा गया सोना
आयकर (जांच) इकाई के डिप्टी कमिश्नर जयनाथ वर्मा के मुताबिक कन्हैया लाल रस्तोगी 60 करोड़ और संजय रस्तोगी 23 करोड़ की काली कमाई पर आयकर चोरी करने की बात मानते हुए उस पर टैक्स भरने को राजी हो गए हैं।
डिप्टी कमिश्नर ने बताया कि रस्तोगी बंधुओं के घर से बरामद 10 करोड़ रुपये कैश आयकर विभाग के बैंक खाते में जमा करा दिया गया है। वहीं, बरामद सोना को आयकर विभाग की तिजोरी में सुरक्षित रख दिया गया है। सोमवार से रस्तोगी बंधुओं के घर से जब्त दस्तावेजों की जांच करके जमीन में निवेश का आकलन करने के बाद आयकर वसूली के लिए नोटिस जारी किया जाएगा।
तहखाने से निकले बही खाता, नोट के बंडल
आयकर अफसरों को कन्हैया लाल रस्तोगी के घर में जांच के दौरान एक तहखाना मिला जिसमें नए नोट के साथ पुराने नोट के बंडल और लेन-देन के बही खाते थे। इसके अलावा मुंबई, देहरादून में खरीदी गई जमीन के दस्तावेज भी जब्त किए गए। इसमें 98 करोड़ रुपये जमीन की खरीद-फरोख्त में निवेश किए गए।
आयकर ने माना 100 करोड़ पर टैक्स चोरी
रस्तोगी बंधुओं ने भले ही 83 करोड़ रुपये की कमाई पर आयकर चोरी की बात स्वीकार की हो, पर आयकर विभाग का मानना है कि उन्होंने 100 करोड़ की काली कमाई पर टैक्स चोरी की है। इस टैक्स चोरी का एक-एक रुपया वसूल किया जाएगा। जब्त दस्तावेजों की जांच के बाद इस पर निर्णय किया जाएगा।