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Lucknow News: खतरे के निशान से 130 सेमी ऊपर पहुंची राप्ती
Sun, 07 Jul 2024 12:32 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ
संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ
Updated Sun, 07 Jul 2024 12:32 AM IST
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जमुनहा के राप्ती बैराज पर राप्ती नदी का ऐसा दिखा नजारा। -संवाद
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श्रावस्ती के 50 गांवों में अलर्ट, एनडीआरएफ और दो कंपनी फ्लड पीएसी बुलाई गई, अधिकारियों को सतर्क रहने का निर्देश
श्रावस्ती। जिले में शुक्रवार से हो रही बरसात रुक-रुक कर जारी है। वहीं पहाड़ों पर होने वाली बरसात के कारण शनिवार सुबह से राप्ती नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ने लगा है। देर रात नौ बजे राप्ती बैराज पर नदी का जलस्तर खतरे के निशान 130 सेंटीमीटर ऊपर पहुंच गया। 50 गांवों में अलर्ट जारी किया गया है। एनडीआरएफ व फ्लड पीएसी की टीम को बुलाया गया है। सभी बाढ़ चौकी प्रभारी, एसडीएम, तहसीलदार, पुलिस व प्रशासनिक
अधिकािरयों को अलर्ट किया गया है।
वहीं बारिश के कारण नगर सहित गांवों में जलभराव की समस्या उत्पन्न हो गई। जिससे लोगों की दुश्वारियां भी बढ़ी हंै। नेपाल सहित पहाड़ों पर हो रही बरसात से नेपाल के कुसुम नदी उफान पर है। जिसका पानी राप्ती नदी में आने के कारण राप्ती का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। शनिवार सुबह छह बजे जमुनहा के राप्ती बैराज पर नदी का जलस्तर 127.500 मीटर मापा गया। जो आठ बजे घट कर 127.300 मीटर पहुंच गया।
सुबह दस बजे से नदी का जलस्तर 10 सेंटीमीटर प्रतिघंटे की रफ्तार से बढ़ने लगा। जो दोपहर दो बजे खतरे का निशान 127.700 पार कर 128.200 पहुंच गया। जो खतरे के निशान से 50 सेंटीमीटर ऊपर है। वहीं, शाम 9 बजे जमुनहा के राप्ती बैराज पर नदी का जलस्तर खतरे के निशान 128.750 से बढ़कर 130 सेंटीमीटर पर पहुंच गया है।
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अचानक बढ़े इस जलस्तर के बाद राप्ती नदी के कछार में बसे वीरपुर व लौकिहा गांव के खेतों व मार्गों को जलमग्न करते हुए राप्ती का पानी गांवों में प्रवेश कर रहा है। इसके साथ ही जमुनहा के हसनापुर, बरंगा, सलारू पुरवा व घाटे पुरवा में बाढ़ व कटान का खतरा बढ़ गया है।
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श्रावस्ती। जिले में शुक्रवार से हो रही बरसात रुक-रुक कर जारी है। वहीं पहाड़ों पर होने वाली बरसात के कारण शनिवार सुबह से राप्ती नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ने लगा है। देर रात नौ बजे राप्ती बैराज पर नदी का जलस्तर खतरे के निशान 130 सेंटीमीटर ऊपर पहुंच गया। 50 गांवों में अलर्ट जारी किया गया है। एनडीआरएफ व फ्लड पीएसी की टीम को बुलाया गया है। सभी बाढ़ चौकी प्रभारी, एसडीएम, तहसीलदार, पुलिस व प्रशासनिक
अधिकािरयों को अलर्ट किया गया है।
वहीं बारिश के कारण नगर सहित गांवों में जलभराव की समस्या उत्पन्न हो गई। जिससे लोगों की दुश्वारियां भी बढ़ी हंै। नेपाल सहित पहाड़ों पर हो रही बरसात से नेपाल के कुसुम नदी उफान पर है। जिसका पानी राप्ती नदी में आने के कारण राप्ती का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। शनिवार सुबह छह बजे जमुनहा के राप्ती बैराज पर नदी का जलस्तर 127.500 मीटर मापा गया। जो आठ बजे घट कर 127.300 मीटर पहुंच गया।
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सुबह दस बजे से नदी का जलस्तर 10 सेंटीमीटर प्रतिघंटे की रफ्तार से बढ़ने लगा। जो दोपहर दो बजे खतरे का निशान 127.700 पार कर 128.200 पहुंच गया। जो खतरे के निशान से 50 सेंटीमीटर ऊपर है। वहीं, शाम 9 बजे जमुनहा के राप्ती बैराज पर नदी का जलस्तर खतरे के निशान 128.750 से बढ़कर 130 सेंटीमीटर पर पहुंच गया है।
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अचानक बढ़े इस जलस्तर के बाद राप्ती नदी के कछार में बसे वीरपुर व लौकिहा गांव के खेतों व मार्गों को जलमग्न करते हुए राप्ती का पानी गांवों में प्रवेश कर रहा है। इसके साथ ही जमुनहा के हसनापुर, बरंगा, सलारू पुरवा व घाटे पुरवा में बाढ़ व कटान का खतरा बढ़ गया है।