यूपी में रामदेव को 2118 करोड़ के निवेश पर मिलेंगी 3177 करोड़ की सुविधाएं
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बाबा रामदेव की कंपनी पतंजलि आयुर्वेद को सूबे में निवेश पर सुपर मेगा श्रेणी के तहत सुविधाएं मिलेंगी। कंपनी सूबे में जितनी रकम निवेश करेगी, उसके 150 प्रतिशत के बराबर विभिन्न तरह की सुविधाएं पाएगी।
ये सुविधाएं कंपनी को 15 साल के लिए दी जाएंगी। कंपनी को 2118.43 करोड़ रुपये के निवेश पर करीब 3177.64 करोड़ की सहूलियतें मिलेंगी।
बाबा रामदेव ने पश्चिमांचल के यमुना एक्सप्रेस-वे इंडस्ट्रियल डवलपमेंट अथॉरिटी (येडा) और बुंदेलखंड के झांसी में कृषि, खाद्य, हर्बल, पशु आहार, डेयरी उत्पाद व फास्ट मूविंग कंज्यूमर गुड्स (एफएमसीजी) के प्रसंस्करण व उत्पादन के लिए इकाइयां लगाने का फैसला किया है।
इसके अलावा कंपनी की पूर्वांचल व मध्यांचल में फीडर इकाइयां लगाने की योजना है। बाबा ने पश्चिमांचल में 1666.80 करोड़ व बुंदेलखंड में 451.63 करोड़ निवेश की योजना बनाई है।
जमीन खरीद सहित कई जरूरतों में मिलेगी छूट
शासन ने बाबा रामदेव के निवेश प्रस्तावों पर विचार कर उन्हें निवेश की रकम के 150 फीसदी के बराबर सुविधाएं देने की मंजूरी दी है। इसके तहत कंपनी को जमीन खरीद में स्टांप ड्यूटी की छूट, इलेक्ट्रिसिटी ड्यूटी व मंडी शुल्क सहित तमाम सुविधाओं में छूट दी जाएंगी।
इस तरह मिलेगी छूट
यमुना एक्सप्रेस-वे डलवपमेंट अथॉरिटी कंपनी को 455 एकड़ जमीन देगी।
इसमें से 25 एकड़ जमीन संस्थागत उपयोग के लिए छोड़ी जाएगी। यह प्राधिकरण की मौजूदा दरों पर आवंटित होगी।
बाकी 430 एकड़ जमीन मौजूदा आवंटन मूल्य पर 25 प्रतिशत छूट के साथ दी जाएगी।
इस तरह मिलेंगी छूट
कंपनी 455 एकड़ जमीन की 20 प्रतिशत (91 एकड़) सात साल के लिए सबलीज कर सकेगी। इस पर कोई छूट नहीं होगी।
यदि कंपनी ने सात साल में अन्य स्वतंत्र कंपनियों व इकाइयों को जमीन सबलीज नहीं की तो सबलीज निरस्त हो जाएगी, लेकिन कंपनी इस जमीन पर भी 25 प्रतिशत छूट ले सकेगी।
सरकार कंपनी की इकाइयों में 100 या इससे अधिक अकुशल श्रमिकों को वेतन मद में दिए जाने वाले ईपीएफ का नियोक्ता के अंशदान की 50 प्रतिशत रकम की प्रतिपूर्ति उत्पादन शुरू होने की तिथि से पांच साल तक करेगी।
जमीन खरीद पर 100 प्रतिशत स्टांप ड्यूटी की छूट मिलेगी।
जीएसटी लागू होने पर वैट व सीएसटी से संबंधित सुविधा जीएसटी में निहित प्रदेश सरकार के अंश तक दी जाएगी।