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यूपी: नेपाल सीमा पर सड़क बनाने के लिए काटने होंगे 24 हजार पेड़, पीडब्ल्यूडी ने सरकार को सौंपी रिपोर्ट
Sat, 11 Jul 2020 10:22 PM IST
प्राची प्रियम
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
Published by: प्राची प्रियम
Updated Sat, 11 Jul 2020 10:22 PM IST
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भारत नेपाल सीमा (फाइल फोटो)
- फोटो : सोशल मीडिया
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उत्तर प्रदेश में नेपाल सीमा पर सड़क बनाने के लिए 24 हजार पेड़ काटने होंगे। ये पेड़ वन एवं वन्यजीव क्षेत्र में स्थित हैं। इससे संबंधित रिपोर्ट शनिवार को ही पीडब्ल्यूडी ने सरकार को सौंप दी है।
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नेपाल के साथ हालिया तनाव और चीन के साथ बढ़ रही उसकी नजदीकियों को देखते हुए केंद्र व राज्य सरकार ने सीमा पर सड़क परियोजना को जल्द पूरा करने का निर्णय लिया है।
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इसके लिए कुछ समय पहले सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) और वन विभाग की संयुक्त टीम ने सर्वे किया था। इस सर्वे के अनुसार, परियोजना की कुल लंबाई 600 किलोमीटर होगी और वन व वन्य जीव क्षेत्र में करीब 24 हजार पेड़ों को काटना पड़ेगा।
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बता दें की पुराने सीमांकन में 55 हजार पेड़ों को काटने की बात कही गई थी। संयुक्त टीम की रिपोर्ट के मुताबिक बॉर्डर सड़क की चौड़ाई 5.50 मीटर होगी। दोनों ओर एक-एक मीटर के हार्ड शोल्डर भी बनाए जाएंगे।
पीडब्ल्यूडी ने सरकार को बताया है कि पुन: निर्धारित संरेखण का सैद्धांतिक अनुमोदन सशस्त्र सीमा बल के माध्यम से केंद्रीय गृह मंत्रालय से लिया जाना है, जिसकी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
इसके बाद पर्यावरणीय क्लीयरेंस लेने के लिए ऑनलाइन आवेदन करना होगा। यह अनापत्ति मिलने में सामान्यत: 8 से 10 महीने लग जाते हैं। उसके बाद विस्तृत प्रोजेक्ट रिपोर्ट (डीपीआर) केंद्र सरकार के अनुमोदन के लिए भेजी जाएगी।
सरकार ने पीडब्ल्यूडी को इस प्रक्रिया को कम से कम समय में पूरा करने के निर्देश दिए हैं, ताकि नेपाल सीमा पर चौकसी को बढ़ाया जा सके।