पतंजलि नूडल्स भी निकली घटिया, जांच में नमूने फेल
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नेस्ले के बाद अब पतंजलि के नूडल्स की गुणवत्ता भी मानकों पर खरी नहीं उतरी है। जांच में पाया गया है कि पैकेट में जितनी मात्रा में जो खाद्य पदार्थ होने का दावा किया गया है, उसमें एक फीसदी का अंतर है।
इसे देखते हुए खाद्य एवं औषधि विभाग, गोरखपुर की लैब ने पतंजलि के नूल्डस की गुणवत्ता को घटिया (सब स्टैंडर्ड) ठहराया है। मामले में प्रशासन ने नोटिस जारी किया है।
खाद्य निरीक्षक विवेक त्रिवेदी ने गत दो फरवरी को फैजाबाद के नाका में गांधीनगर स्थित गणपति इंटरप्राइजेज से पतंजलि नूडल्स के 70 ग्राम के पैकेट का नमूना लिया था। नूडल्स को जांच के लिए गोरखपुर लैब भेजा गया।
लैब के जांच अधिकारी यूसी गंगवार की ओर से तैयार रिपोर्ट में कहा गया है कि है कि जितनी मात्रा जो खाद्य पदार्थ होने का दावा किया गया है, उसमें एक फीसदी का अंतर आ रहा है।
मुकदमा चलाने की हो रही है तैयारी
इस रिपोर्ट के आधार पर अभिहित अधिकारी ने गणपति इंटरप्राइजेज को नोटिस भेजा है। साथ ही एडीएम सिटी के कोर्ट में मुकदमा चलाने लिए पत्रावली भी तैयार की जा रही है।
खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन एफएसडीए के अधिकारियों का कहना है कि अब यदि इंटरप्राइजेज लैब रिपोर्ट से असंतुष्ट है तो वह अपने नूडल्स की जांच सेंट्रल लैब कोलकाता में दोबारा करा सकता है।
यदि 40 दिन में अंदर फर्म संचालक नोटिस का जवाब नहीं देता है तो उस पर मुकदमा दायर कर दिया जाएगा। फर्म जहां से पतंजलि का प्रोडक्ट मंगा रहा है, वहां का बिल व वाउचर दिखाया तो उसकी भी जिम्मेदारी तय की जाएगी।
इस पर अभिहित अधिकारी वीके पांडेय का कहना है कि पतंजलि के नूडल्स का नमूना सब स्टैंडर्ड पाया गया है। फर्म को नोटिस भेजा गया है। 40 दिन के अंदर यदि फर्म संचालक सेंट्रल लैब में नूडल्स की जांच करा सकता है। नहीं तो एडीएम सिटी के कोर्ट में मुकदमा दायर कर दिया जाएगा। इसकी पत्रावली तैयार की जा रही है।