{"_id":"6045a4768ebc3ec89a5c5c1b","slug":"officers-deployed-on-one-post-from-last-three-years-will-be-removed","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"यूपी: तीन साल से एक ही जगह पर जमे पुलिस अफसर हटाए जाएंगे, गृह विभाग तैयार कर रहा सूची","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
यूपी: तीन साल से एक ही जगह पर जमे पुलिस अफसर हटाए जाएंगे, गृह विभाग तैयार कर रहा सूची
Mon, 08 Mar 2021 09:43 AM IST
ishwar ashish
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
Published by: ishwar ashish
Updated Mon, 08 Mar 2021 09:43 AM IST
विज्ञापन
- फोटो : social media
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
एक ही पद पर तीन साल से जमे आईपीएस अफसरों को हटाकर नई तैनाती देने की तैयारी है। इस साल रिटायर होने वाले अफसरों को फील्ड से हटाकर दूसरी इकाइयों में भेजा जाएगा। गृह विभाग में इसकी तैयारी शुरू हो गई है।
विज्ञापन
सूत्रों का कहना है कि तीन साल से एक ही पद पर जमे अफसरों को हटाने के लिए शीर्ष स्तर से निर्देश दिए गए हैं। अधिकारी पीएसी में हो या अन्य इकाई में तैनात हो, उसे नई तैनाती देने के लिए गृह विभाग ने मंथन शुरू कर दिया है। ऐसे अफसरों की सूची तैयार की जा रही है। ऐसे अधिकारियों की संख्या 50 से अधिक बताई जा रही है। इसके साथ ही इस साल रिटायर होने वाले अधिकारियों को भी दूसरी इकाइयों में भेजने की तैयारी हो रही है।
विज्ञापन
चार रेंज के आईजी इस साल हो रहे रिटायर
इस साल रिटायर होने वाले अफसरों में चार रेंज के आईजी भी शामिल हैं। इनमें बरेली के आईजी राजेश पांडेय, मिर्जापुर के आईजी पीयूष श्रीवास्तव, बस्ती के आईजी अनिल कुमार राय और झांसी के आईजी सुभाष सिंह बघेल शामिल हैं। एसपी या डीआईजी रैंक में ऐसा कोई अफसर नहीं है जो 2021 में रिटायर हो रहा हो। वाराणसी और आगरा रेंज में भी नए आईजी की तैनाती होगी। क्योंकि इन दोनों रेंज में तैनात आईजी एडीजी के पदों पर प्रोन्नति पा चुके हैं।
विज्ञापन
पंचायत चुनाव से पहले कई कप्तान भी बदलेंगे
गृह विभाग पंचायत चुनाव से पहले कई जिलों के पुलिस कप्तानों को भी बदलने की तैयारी कर रहा है। इनमें कई ऐसे जिलों के कप्तान भी शामिल हैं जो एक साल से अधिक समय से जमे हुए हैं। इनमें गाजियाबाद, मेरठ, आगरा, सहारनपुर, मुजफ्फरनगर, बुलंदशहर जैसे जिलों के कप्तानों को नई जिम्मेदारी मिल सकती है।