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Lucknow News: लविविः खेल कोटे में कितने दाखिले हुए, रिकॉर्ड नहीं

Thu, 30 Jan 2025 02:03 AM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Thu, 30 Jan 2025 02:03 AM IST
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No record of how many admissions were made in LU sports quota
संवाद न्यूज एजेंसी
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लखनऊ। लखनऊ विश्वविद्यालय के पास खेल कोटे से हुए दाखिलों का रिकॉर्ड नहीं है। इस बात की पुष्टि इससे होती है कि करीब सात महीने पहले सूचना का अधिकार के तहत मांगी गई जानकारी विश्वविद्यालय अब तक उपलब्ध नहीं करा सका है। सूचना न देने पर राज्य सूचना आयुक्त ने विवि को खरी-खोटी सुनाई है, जबकि लताड़ लगाते हुए एथलेटिक एसोसिएशन के महासचिव को तलब भी किया है। बृहस्पतिवार को इसकी सुनवाई होगी।
लखनऊ विवि के छात्रनेता कार्तिक पांडेय ने जून 2024 में विवि के जनसूचना अधिकारी से वर्ष 2018-23 के बीच विभिन्न कोर्स में खेल कोटे से हुए दाखिलों की सूची मांगी थी, मगर विश्वविद्यालय ने सूचना नहीं दी। इस पर छात्रनेता ने प्रथम और द्वितीय अपीलीय अधिकारी के यहां भी प्रार्थना पत्र दिया। इसके बावजूद अब तक कोई सूचना नहीं मिली है।
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मामले में तीन जनवरी को हुई सुनवाई में लविवि के प्रधान सहायक हरीशचंद्र आयोग के सामने उपस्थित हुए थे। इस दौरान आयोग ने मांगी गई सूचना का मिलान किया था, जो स्पष्ट नहीं पाई गई थी। इस पर जनसूचना अधिकारी को दो सप्ताह में सूचना उपलब्ध कराने का आदेश दिया गया था। सूचना न देने पर सूचना आयुक्त ने लविवि एथलेटिक एसोसिएशन के महासचिव अजय आर्या को आयोग के समक्ष उपस्थित होने का आदेश दिया है।
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उपस्थित न होने पर लगेगा जुर्माना :
आयोग ने अपने आदेश में कहा है कि पेशी में महासचिव के उपस्थित न होने पर आरटीआई अधिनियम 2005 के तहत उन पर 250 रुपये प्रतिदिन के हिसाब से अर्थदंड लगाया जाएगा, जो अधिकतम 25000 रुपये हो सकता है। 30 जनवरी को इसकी सुनवाई होनी है।

खेल कोटे तहत दाखिलों में उगाही :
लविवि में खेल कोटे के तहत फर्जी प्रमाण लगाकर एडमिशन कराने का आरोप है। आरोप यह भी है कि इसके लिए जिम्मेदार लाखों रुपयों की उगाही करते हैं। सूचना के लिए आवेदनकर्ता ने भी अपने आवेदन में यह आरोप लगाया है, जिसमें कहा गया है विवि में यूजी, पीजी और एलएलबी कोर्स में हुए दाखिलों में बड़े पैमाने पर नियमों को ताक पर रखकर प्रवेश लिए गए हैं।
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