{"_id":"6584889b543589c05f0d5333","slug":"lucknow-news-retired-personnel-will-be-appointed-as-consultants-in-excise-department-cameras-will-be-install-2023-12-22","type":"story","status":"publish","title_hn":"Lucknow News : आबकारी विभाग में सेवानिवृत्त कर्मियों को रखा जाएगा कंसल्टेंट, शराब की दुकानों में लगेंगे कैमरे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Lucknow News : आबकारी विभाग में सेवानिवृत्त कर्मियों को रखा जाएगा कंसल्टेंट, शराब की दुकानों में लगेंगे कैमरे
Fri, 22 Dec 2023 08:14 AM IST
पंकज श्रीवास्तव
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
Published by: पंकज श्रीवास्तव
Updated Fri, 22 Dec 2023 08:14 AM IST
सार
आबकारी नीति 2024-25 में इसका प्रावधान किया गया है। विभाग ने सभी शराब की दुकानों में सीसीटीवी लगवाने की तैयारी भी की है। सीसीटीवी बंद मिलने पर जुर्माना लगाने की व्यवस्था भी की गयी है।
विज्ञापन
wine liqour new
- फोटो : istock
विस्तार
आबकारी विभाग अब सरकारी विभागों से सेवानिवृत्त 65 वर्ष तक की आयु के अनुभवी तीन कर्मियों को एकमुश्त मासिक मानदेय पर कंसल्टेंट रख सकेगा। इसके लिए शासन की अनुमति आवश्यक होगी। आबकारी नीति 2024-25 में इसका प्रावधान किया गया है। विभाग ने सभी शराब की दुकानों में सीसीटीवी लगवाने की तैयारी भी की है। सीसीटीवी बंद मिलने पर जुर्माना लगाने की व्यवस्था भी की गयी है। वहीं दूसरी ओर बंद गाड़ियों की त्वरित तलाशी के लिए स्कैनर्स भी खरीदे जाएंगे।
विज्ञापन
कैबिनेट में आबकारी नीति को मंजूरी मिलने के बाद बृहस्पतिवार को इसका शासनादेश जारी कर दिया गया। इसमें विभाग को सुदृढ़ और संसाधन युक्त बनाने के लिए कई अहम फैसले लिए गये हैं। शासनादेश के मुताबिक विभाग की क्षेत्रीय प्रयोगशालाओं में तकनीकी योग्यता रखने वाले विशेषज्ञों की नियुक्ति संविदा पर होगी।
विज्ञापन
प्रयोगशालाओं, डिस्टलरी और जिला स्तरीय कार्यालयों में डिजिटल अल्कोहल मीटर का प्रयोग अनिवार्य किया जाएगा। डाटा के संकलन, संरक्षण एवं प्रस्तुतीकरण से संबंधित कार्यों के लिए डाटा एनालिटिक्स फर्म की सेवाएं ली जाएंगी।
विज्ञापन
इस तरह आएगा राजस्व
नई आबकारी नीति में 50 हजार करोड़ रुपये का राजस्व जुटाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। देशी शराब से 25 हजार करोड़, विदेश शराब से 15,400, बीयर से 6350 और अन्य मदों जैसे शीरे पर एक्साइज ड्यूटी, ब्रिवरी की लाइसेंस फीस, आयात-निर्यात फीस आदि से 2250 करोड़ रुपये जुटाए जाएंगे। नशे के दुष्प्रभावों एवं एवं रिस्पांसिबिल ड्रिंकिंग के बारे में प्रचार प्रसार में एक करोड़ रुपये व्यय किए जाएंगे। इसके तहत मुख्य रूप से अंडर एज ड्रिंकिंग, ड्रंकन ड्राइविंग और रिस्पांसिबिल कंजम्पशन पर ध्यान केंद्रित किया जाएगा।