सीपीएमटी पेपर लीक कांड के 12 आरोपियों पर गैंगस्टर
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सीपीएमटी पेपर लीक कांड में गिरफ्तार सॉल्वर सहित 12 आरोपियों के खिलाफ शुक्रवार को गौतमपल्ली पुलिस ने गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई की।
उधर, मुख्य आरोपी रामेश्वरम इंस्टीट्यूट के संचालक सुरेंद्र शुक्ला की तलाश में एसटीएफ की एक टीम दिल्ली में खाक छान रही है लेकिन कोई सुराग नहीं मिल रहा।
गौतमपल्ली एसओ सुरेंद्र कटियार ने बताया कि हुसैनगंज के उदयगंज निवासी प्रफुल्ल चंद्र वैश्य, शिवम चंद्रा, उग्रसेन, जियामऊ निवासी वीरेंद्र बहादुर, कुशीनगर के अभिमन्यु सिंह और अच्युतानंद पांडेय, बस्ती के अंशुमान मिश्रा व राजेश रंजन, आजमगढ़ के अनुज यादव, गोरखपुर के रमणध्वज सिंह, बांदा के मनीष कुमार और बलरामपुर के वसीम के खिलाफ गैंगस्टर के तहत कार्रवाई की गई है।
इन सभी को एसटीएफ ने गत 25 मई को जियामऊ में वीरेंद्र बहादुर पाल के मकान से सीपीएमटी 2015 की सी सीरीज का पेपर हल करते हुए पकड़ा था।
ये बने आरोपी व इनकी तलाश जारी
छानबीन में पता चला कि पेपर लीक कांड का मुख्य आरोपी सीतापुर रोड स्थित रामेश्वरम इंस्टीट्यूट का संचालक सुरेंद्र शुक्ला है। उसकी बेटी भी फैजाबाद रोड स्थित श्रीनारायण इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नो ग्रुप में सीपीएमटी दे रही थी।
सुरेंद्र ने बेटी के लिए अपने ही इंस्टीट्यूट से सी सीरीज का पेपर आउट कराकर सॉल्वरों को सौंपा था।
गौतमपल्ली पुलिस ने रामेश्वरम इंस्टीट्यूट के संचालक सुरेंद्र शुक्ला, प्रिंसिपल आरके सिंह व प्रशासनिक विभाग के कर्मचारी अभय पांडेय सहित टेक्नो ग्रुप के निदेशक निमेष सिंह और प्रोफेसर अरुण कुमार शुक्ला को भी आरोपी बनाया था।
सुरेंद्र शुक्ला फिलहाल पकड़ा नहीं जा सका है। उसके खिलाफ गैर जमानती वारंट भी जारी हो चुका है। बाकी आरोपियों की गिरफ्तारी की तैयारी चल रही है।