छात्रों का ही नहीं कॉलेजों का भी इंजीनियरिंग की तरफ से घट रहा रुझान
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इंजीनियरिंग की पढ़ाई की तरफ सिर्फ विद्यार्थियों का ही रुझान नहीं कम हुआ है बल्कि इसकी पढ़ाई कराने वाले कॉलेजों का भी रुझान घटा है। इसका अंदाजा डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम प्राविधिक विश्वविद्यालय (एकेटीयू) से संबद्धता को लेकर हुए आवेदनों से लगाया जा सकता है।
विश्वविद्यालय ने सत्र 2017-18 की संबद्धता के लिए ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया 28 मार्च से शुरू की थी। आवेदन की अंतिम तिथि 15 अप्रैल थी। शनिवार तक लगभग 550 कॉलेजों ने संबद्धता रिन्यूवल के लिए आवेदन किए। जबकि विश्वविद्यालय से सत्र 2016-17 में संबद्ध सरकारी और प्राइवेट कॉलेजों की संख्या लगभग 650 है।
यानी गत वर्ष संबद्धता वाले लगभग 100 संस्थानों ने रिन्यूवल के लिए अब तक आवेदन नहीं किया है। ऐसे में विश्वविद्यालय को संबद्धता आवेदन की तिथि बढ़ानी पड़ी है। जबकि पूर्व में जारी आदेश में स्पष्ट कहा गया था कि निर्धारित तिथि तक आवेदन नहीं करने वाली संस्थाओं की संबद्धता पर विचार नहीं किया जाएगा।
शासन द्वारा की गई सख्ती भी इसका एक कारण
माना जा रहा है कि इस बार मैनेजमेंट कोटे में कॉलेजों के सीधे प्रवेश पर शासन द्वारा की गई सख्ती भी इसका एक कारण है। शासन का निर्देश है कि काउंसलिंग के बाद निजी कॉलेजों में खाली सीटों पर प्रवेश के लिए किसी भी राज्य स्तरीय प्रवेश परीक्षा में सफल होना जरूरी है।
ऐसे में इंजीनियरिंग और मैनेजमेंट की पढ़ाई कराने वाले एकेटीयू से संबद्ध संस्थानों की संख्या इस बार बढ़ने के बजाय घट सकती है।
रजिस्ट्रार पवन कुमार गंगवार ने बताया कि आवेदन की प्रक्रिया इस बार अपग्रेड की गई है। फॉर्म भरने में कॉलेजों को कुछ दिक्कत आ रही थी, उन्होंने इसके लिए संपर्क भी किया है। उनकी समस्याओं का समाधान करते हुए आवेदन करने को कहा गया है।
नए आवेदनों की संख्या मात्र 7
सिर्फ रिन्यूवल ही नहीं, नई संबद्धता के लिए आवेदन करने वालों की स्थिति तो और भी खराब है। अब तक मात्र 7 नए कॉलेजों ने संबद्धता के लिए आवेदन किया है। इसी से इंजीनियरिंग की पढ़ाई की तरफ कॉलेजों के रुख का अंदाजा लगाया जा सकता है।
संबद्घता के लिए 19 तक कर सकेंगे आवेदन
रजिस्ट्रार पवन कुमार गंगवार ने बताया कि संबद्धता के लिए आवेदन करने की तिथि बढ़ाकर 19 अप्रैल कर दी गई है। जो कॉलेज किसी कारण से आवेदन नहीं कर सके हैं, उन्हें निर्धारित तिथि तक आवेदन करना होगा। इसके बाद दोबारा तिथि नहीं बढ़ाई जाएगी। इसके बाद 22 अप्रैल तक आवेदन की हार्ड कॉपी विवि में जमा करनी होगी।
एसईई में सीटों के लगभग बराबर आवेदन
इंजीनियिरंग और मैनेजमेंट कॉलेजों में प्रवेश के लिए एकेटीयू द्वारा आयोजित की जाने वाली राज्य प्रवेश परीक्षा यानी एसईई के लिए आवेदकों की संख्या भी बहुत ज्यादा नहीं रही है।
विवि को आवेदन तिथि तीन बार बढ़ानी पड़ी है। यूजी-पीजी में सीटें लगभग 1 लाख 65 हजार 538 और आवेदक 1 लाख 68 हजार 932 हैं। इसमें से काफी अभ्यर्थियों ने दो-दो कोर्सों के लिए आवेदन कर रखे हैं।