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Lucknow News: दो साल बाद जागा महकमा, अब बनेंगी 22 सड़कें
Thu, 07 Nov 2024 01:31 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ
संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ
Updated Thu, 07 Nov 2024 01:31 AM IST
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सरेनी क्षेत्र में बदहाल शहीद अवदान सिंह के गांव गौतम खेड़ा का मार्ग।
- फोटो : संवाद
रायबरेली। संसद सदस्य स्थानीय क्षेत्र विकास योजना से मिली निधि को खर्च करने में पिछले दो साल से लापरवाही बरती जा रही है। जिले की सांसद रहीं सोनिया गांधी ने 18 नवंबर 2022 को 22 सड़कों के काम की स्वीकृति दी थी, लेकिन विभाग की लापरवाही के कारण काम शुरू नहीं हो सका। अब दो साल बाद विभाग जागा है। सड़कों का काम शुरू कराने की कवायद शुरू हो गई है।
वित्तीय वर्ष 2022-23 में सांसद सोनिया गांधी ने अपनी निधि से 22 सड़कों के काम की स्वीकृति दी थी। सड़कों को बनवाने की जिम्मेदारी ग्रामीण अभियंत्रण विभाग को दी गई। कार्यदायी विभाग ने करीब दो करोड़ से अधिक कार्यों को समय से शुरू नहीं कराया।
स्वीकृति के आठ माह बाद भी सड़कों का काम शुरू न कराने पर जुलाई 2023 में सांसद ने नाराजगी जताई थी। तत्कालीन डीएम माला श्रीवास्तव को पत्र भेजकर सड़कों के काम को शुरू कराने का अनुरोध किया था, जिससे जनता को दिक्कतों का सामना न करना पड़े। सांसद निधि की इन सड़कों का काम अब शुरू कराया जा रहा है।
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ऐसे में शहर के अलावा जगतपुर, लालगंज, अमावां, दीनशाह गौरा, सतांव, महराजगंज, शिवगढ़, हरचंदपुर ब्लॉकोंं में भी इंटरलॉकिंग, खड़ंजा, सीसी रोड व नाली, सड़क निर्माण आदि काम शुरू होंगे।
चर्चा है कि कई बार टेंडर प्रक्रिया शुरू की गई, लेकिन पूरी नहीं हो सकी। मामले को गंभीरता से लेते हुए अमर उजाला ने 30 जुलाई 2023 को सांसद निधि के काम न होने से सोनिया खफा शीर्षक से खबर प्रकाशित की थी, जिसके बाद तत्कालीन डीएम ने कार्यदायी विभाग के अधिकारियों को नोटिस दिया था।
13 नवंबर को खुलेंगे पांच सड़कों के टेंडर
सांसद के स्तर से स्वीकृत पांच सड़कों का काम जल्द शुरू होने वाला है। पांच सड़कों के लिए टेंडर प्रक्रिया चल रही है। आगामी 13 नवंबर को टेंडर खोले जाएंगे। विभाग का दावा है कि टेंडर प्रक्रिया पूरी होते ही काम शुरू करा दिया जाएगा।
पूर्व में किन कारणों से सांसद निधि के काम शुरू कराने में देरी हुई। इसके बारे में नहीं बता सकते हैं। चार्ज लेने के बाद सांसद निधि से कुल 30 सड़कों की टेंडर प्रक्रिया पूरी कराकर काम शुरू करा दिया गया है। पांच सड़कों का काम इसी माह में शुरू कराया जाएगा।
- पीएन तिवारी, अधिशासी अभियंता, ग्रामीण अभियंत्रण सेवा विभाग
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वित्तीय वर्ष 2022-23 में सांसद सोनिया गांधी ने अपनी निधि से 22 सड़कों के काम की स्वीकृति दी थी। सड़कों को बनवाने की जिम्मेदारी ग्रामीण अभियंत्रण विभाग को दी गई। कार्यदायी विभाग ने करीब दो करोड़ से अधिक कार्यों को समय से शुरू नहीं कराया।
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स्वीकृति के आठ माह बाद भी सड़कों का काम शुरू न कराने पर जुलाई 2023 में सांसद ने नाराजगी जताई थी। तत्कालीन डीएम माला श्रीवास्तव को पत्र भेजकर सड़कों के काम को शुरू कराने का अनुरोध किया था, जिससे जनता को दिक्कतों का सामना न करना पड़े। सांसद निधि की इन सड़कों का काम अब शुरू कराया जा रहा है।
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ऐसे में शहर के अलावा जगतपुर, लालगंज, अमावां, दीनशाह गौरा, सतांव, महराजगंज, शिवगढ़, हरचंदपुर ब्लॉकोंं में भी इंटरलॉकिंग, खड़ंजा, सीसी रोड व नाली, सड़क निर्माण आदि काम शुरू होंगे।
चर्चा है कि कई बार टेंडर प्रक्रिया शुरू की गई, लेकिन पूरी नहीं हो सकी। मामले को गंभीरता से लेते हुए अमर उजाला ने 30 जुलाई 2023 को सांसद निधि के काम न होने से सोनिया खफा शीर्षक से खबर प्रकाशित की थी, जिसके बाद तत्कालीन डीएम ने कार्यदायी विभाग के अधिकारियों को नोटिस दिया था।
13 नवंबर को खुलेंगे पांच सड़कों के टेंडर
सांसद के स्तर से स्वीकृत पांच सड़कों का काम जल्द शुरू होने वाला है। पांच सड़कों के लिए टेंडर प्रक्रिया चल रही है। आगामी 13 नवंबर को टेंडर खोले जाएंगे। विभाग का दावा है कि टेंडर प्रक्रिया पूरी होते ही काम शुरू करा दिया जाएगा।
पूर्व में किन कारणों से सांसद निधि के काम शुरू कराने में देरी हुई। इसके बारे में नहीं बता सकते हैं। चार्ज लेने के बाद सांसद निधि से कुल 30 सड़कों की टेंडर प्रक्रिया पूरी कराकर काम शुरू करा दिया गया है। पांच सड़कों का काम इसी माह में शुरू कराया जाएगा।
- पीएन तिवारी, अधिशासी अभियंता, ग्रामीण अभियंत्रण सेवा विभाग