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डकैतों के मुखबिर ने उगले राज 'बाबू जी के कमरे में ढेर सारे रुपये हैं, उसी पर सोते हैं'

Thu, 14 Sep 2017 08:58 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ
ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ Updated Thu, 14 Sep 2017 08:58 PM IST
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Dacoits arrested in Lucknow told whole story
डकैत

‘बाबूजी के कमरे में ढेर सारे रुपये हैं। नोटबंदी के दौरान बोरों व गत्तों में एक हजार व पांच सौ के नोट भरकर बदलवाने के लिए पंजाब ले जाते थे। सारे रुपये उनके बेड में हैं। वे उसी पर सोते हैं। बेटे की शादी में एक अटैची भरकर सोना मिला था। वह भी उनके कमरे में है।’

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भूतनाथ मार्केट में अमर प्रोविजन स्टोर के मालिक प्रदीप बंसल के 15 साल पुराने नौकर बसंत ने बहराइच के नानपारा निवासी 16 वर्षीय किशोर को बताई थी।

यह किशोर कारोबारी की दुकान पर काम करता था। यह सारी जानकारी किशोर के जरिये डकैतों तक पहुंची। किशोर व नौकर ने ही डकैतों को किराना कारोबारी का घर दिखाया था।
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एसएसपी दीपक कुमार ने बताया कि डकैतों ने नौकर व किशोर सहित चार के मुखबिरी करने की बात कुबूली है। इसके बाद बसंत व किशोर को हिरासत में लिया गया। सख्ती पर बसंत ने सच्चाई उगल दी।
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किशोर का पिता कारोबारी प्रदीप के भाई के यहां भवन निर्माण में राजगीर का काम करता था। इस दौरान उसने प्रदीप से बेटे को नौकरी देने की बात कही।

इस पर प्रदीप ने किशोर को दुकान पर चाय-पानी पिलाने के लिए रख लिया। इसके बाद किशोर ने बसंत से दोस्ती गांठी और कारोबारी के घर की हर छोटी-बड़ी जानकारी हासिल की।

नौकर ने डकैतों को बताया-बाबूजी कभी बैंक में रुपये नहीं जमा करते
एसएसपी के मुताबिक, पूछताछ में बसंत ने बताया कि नोटबंदी के दौरान एक बार उसे घर बुलाया गया, जहां उससे 1000 व 500 रुपये के नोटों को प्लास्टिक के बोरों व गत्तों में रखवाया गया।

ये रुपये कारोबारी के बेड व आलमारी में रखे थे। कारोबारी यह सारी रकम लेकर पंजाब गया। जहां पर उनके एक रिश्तेदार बैंक में बड़े पद पर तैनात हैं। उसी बैंक में इतनी बड़ी रकम बदली गई।


इसके बदले नई करेंसी घर पहुंची। एक साथ इतना पैसा देकर उसकी नीयत डोल गई। जब किशोर ने उससे सेठ के कारोबार के बारे में पूछा तो उसने सिलसिलेवार जानकारी दे डाली। नौकर ने डकैतों को बताया था कि बाबूजी कभी रुपये बैंक में नहीं जमा करते हैं।

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