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Smriti Irani : कैबिनेट मंत्री स्मृति ईरानी ने अपने घर के लिए खरीदी जमीन, इतने लाख का किया भुगतान
Mon, 22 Feb 2021 09:31 PM IST
पंकज श्रीवास्तव
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
Published by: पंकज श्रीवास्तव
Updated Mon, 22 Feb 2021 09:31 PM IST
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स्मृति ईरानी : प्रक्रिया पूरी करने के बाद कैबिनेट मंत्री स्मृति ईरानी।
- फोटो : amar ujala
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केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी ने पिछले लोकसभा चुनाव में वादा किया था कि वे चुनाव जीतीं तो जिला मुख्यालय पर मकान बनाकर लोगों के बीच रहेंगी। इस दिशा में पहला ठोस कदम उठाते हुए सोमवार को उन्होंने जिला मुख्यालय से सटे मेदन मवई ग्राम पंचायत की सीमा में स्थित 11 बिस्वा भूमि का बैनामा कराया। स्मृति की मौजूदगी में हुई भूमि की रजिस्ट्री के लिए 50,800 रुपये का स्टांप लगाया गया। वर्ष 2014 के बाद वर्ष 2019 में भाजपा के टिकट पर अमेठी से लोकसभा चुनाव लड़ने आईं केंद्रीय मंत्री सोमवार को एक दिवसीय दौरे पर अमेठी आईं और रजिस्ट्री दफ्तर पहुंच कर डीड पर हस्ताक्षर किया।
इससे पहले डीड पर विक्रेता फूलमती (निवासी पूरे रोहिणी पांडेय मजरे सराय भागमानी) व फूलमती की तरफ से गवाह के रूप में उनके पुत्र गया प्रसाद पांडेय तथा स्मृति की तरफ से कटरा लालगंज निवासी व्यावसायी ज्ञान सिंह हस्ताक्षर कर चुके थे। स्मृति के हस्ताक्षर करने के बाद डीड की फोटो कॉपी हुई। इसके बाद दोनों पक्षों ने फोटो प्रति पर भी हस्ताक्षर किए। हस्ताक्षर होने के बाद उप निबंधक प्रदीप तोमर ने रजिस्ट्री की प्रक्रिया पूरी कराई।
इसके पहले उप निबंधक ने विक्रेता फूलमती से भूमि का रकबा व पूरा पैसा मिलने की पुष्टि की। रजिस्ट्री के बाद उसकी मूल कॉपी सीडीओ डॉ. अंकुर लाठर व एडीएम एसपी सिंह की मौजूदगी में डीएम अरुण कुमार ने स्मृति को सौंपी। उप निबंधक ने बताया कि रजिस्ट्री में 50,800 रुपये का स्टांप (42,800 रुपये की ई-स्टांपिंग व आठ हजार रुपये कीमत का स्टांप पेपर) लगाया गया। रजिस्ट्री शुल्क के रूप में 12,190 रुपये केंद्रीय मंत्री ने नगद चुकाया।
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कृषि में हुआ भूमि का बैनामा
उप निबंधक प्रदीप तोमर ने बताया कि चूंकि भूमि पर मौजूदा समय में खेती होती है और उसका रकबा भी पांच बिस्वा से अधिक है ऐसे में भूमि का बैनामा कृषि में हुआ। मंत्री ने जिस भूमि का बैनामा लिया वह आबादी से 200 मीटर के दायरे में व जनपदीय मार्ग के पास है इसलिए उस पर आवासीय का 50 प्रतिशत अधिक स्टांप लगाया गया है।
जल्द शुरू होगा मकान निर्माण
रजिस्ट्री कराने के बाद बाहर निकलीं केंद्रीय मंत्री मीडिया से मुखातिब हुईं। उन्होंने कहा कि इस भूमि पर मकान बनाकर वे लोगों से किया गया अपना वादा पूरा करेंगी। मकान निर्माण का काम शुरू होने से पहले भूमि पूजन का भव्य कार्यक्रम होगा जिसमेें संसदीय क्षेत्र के प्रत्येक गांव के लोगों को बुलाया जाएगा। मीडिया के सवालों का जवाब देते हुए स्मृति ईरानी ने कहा कि आज अपने वादे को पूरा करने की दिशा में ठोस कदम उठाया है। पहले यहां की नुमाइंदगी करने वालों में और उनमें क्या फर्क है इस बात को जनता भी अच्छे से समझ चुकी है। रायबरेली में भाजपा कार्यकर्ताओं की सक्रियता को लेकर किए गए एक सवाल के जवाब में स्मृति ने कहा कि हमारे कार्यकर्ताओं की सक्रियता बता रही है कि वहां कुछ बड़ा होने वाला है। स्मृति ने कहा कि रायबरेली में भी जनता इस बात को लेकर फिक्रमंद है कि आखिर उनकी सांसद कहां हैं। हालांकि सोमवार को स्मृति ने प्रियंका व राबर्ट वाड्रा को लेकर किए गए सवालों का कोई जवाब नहीं दिया।
लकदक नजर आया रजिस्ट्री दफ्तर
सोमवार को रजिस्ट्री दफ्तर की सूरत बदली नजर आई। स्मृति के बैनामा लेने आने की सूचना पर न सिर्फ दफ्तर का अंदर बाहर रंग-रोगन कराया गया था बल्कि गमले आदि लगाकर उसे सुंदर दिखाने की कोशिश भी हुई।
दफ्तर में लगातार खड़ी रहीं स्मृति
स्मृति करीब एक बजे रजिस्ट्री दफ्तर पहुंचीं और बैनामे की प्रक्रिया पूरी होने के बाद दो बजे बाहर निकलीं। इस दौरान स्मृति एक भी मिनट के लिए भी कुर्सी पर नहीं बैठीं। स्मृति के खड़े रहने की वजह से डीएम, एसपी, सीडीओ, एडीएम व उप निबंधक भी खड़े रहे। यहां जलपान की भी व्यवस्था थी लेकिन स्मृति ने सिर्फ एक गिलास पानी पिया।
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इससे पहले डीड पर विक्रेता फूलमती (निवासी पूरे रोहिणी पांडेय मजरे सराय भागमानी) व फूलमती की तरफ से गवाह के रूप में उनके पुत्र गया प्रसाद पांडेय तथा स्मृति की तरफ से कटरा लालगंज निवासी व्यावसायी ज्ञान सिंह हस्ताक्षर कर चुके थे। स्मृति के हस्ताक्षर करने के बाद डीड की फोटो कॉपी हुई। इसके बाद दोनों पक्षों ने फोटो प्रति पर भी हस्ताक्षर किए। हस्ताक्षर होने के बाद उप निबंधक प्रदीप तोमर ने रजिस्ट्री की प्रक्रिया पूरी कराई।
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इसके पहले उप निबंधक ने विक्रेता फूलमती से भूमि का रकबा व पूरा पैसा मिलने की पुष्टि की। रजिस्ट्री के बाद उसकी मूल कॉपी सीडीओ डॉ. अंकुर लाठर व एडीएम एसपी सिंह की मौजूदगी में डीएम अरुण कुमार ने स्मृति को सौंपी। उप निबंधक ने बताया कि रजिस्ट्री में 50,800 रुपये का स्टांप (42,800 रुपये की ई-स्टांपिंग व आठ हजार रुपये कीमत का स्टांप पेपर) लगाया गया। रजिस्ट्री शुल्क के रूप में 12,190 रुपये केंद्रीय मंत्री ने नगद चुकाया।
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कृषि में हुआ भूमि का बैनामा
उप निबंधक प्रदीप तोमर ने बताया कि चूंकि भूमि पर मौजूदा समय में खेती होती है और उसका रकबा भी पांच बिस्वा से अधिक है ऐसे में भूमि का बैनामा कृषि में हुआ। मंत्री ने जिस भूमि का बैनामा लिया वह आबादी से 200 मीटर के दायरे में व जनपदीय मार्ग के पास है इसलिए उस पर आवासीय का 50 प्रतिशत अधिक स्टांप लगाया गया है।
जल्द शुरू होगा मकान निर्माण
रजिस्ट्री कराने के बाद बाहर निकलीं केंद्रीय मंत्री मीडिया से मुखातिब हुईं। उन्होंने कहा कि इस भूमि पर मकान बनाकर वे लोगों से किया गया अपना वादा पूरा करेंगी। मकान निर्माण का काम शुरू होने से पहले भूमि पूजन का भव्य कार्यक्रम होगा जिसमेें संसदीय क्षेत्र के प्रत्येक गांव के लोगों को बुलाया जाएगा। मीडिया के सवालों का जवाब देते हुए स्मृति ईरानी ने कहा कि आज अपने वादे को पूरा करने की दिशा में ठोस कदम उठाया है। पहले यहां की नुमाइंदगी करने वालों में और उनमें क्या फर्क है इस बात को जनता भी अच्छे से समझ चुकी है। रायबरेली में भाजपा कार्यकर्ताओं की सक्रियता को लेकर किए गए एक सवाल के जवाब में स्मृति ने कहा कि हमारे कार्यकर्ताओं की सक्रियता बता रही है कि वहां कुछ बड़ा होने वाला है। स्मृति ने कहा कि रायबरेली में भी जनता इस बात को लेकर फिक्रमंद है कि आखिर उनकी सांसद कहां हैं। हालांकि सोमवार को स्मृति ने प्रियंका व राबर्ट वाड्रा को लेकर किए गए सवालों का कोई जवाब नहीं दिया।
लकदक नजर आया रजिस्ट्री दफ्तर
सोमवार को रजिस्ट्री दफ्तर की सूरत बदली नजर आई। स्मृति के बैनामा लेने आने की सूचना पर न सिर्फ दफ्तर का अंदर बाहर रंग-रोगन कराया गया था बल्कि गमले आदि लगाकर उसे सुंदर दिखाने की कोशिश भी हुई।
दफ्तर में लगातार खड़ी रहीं स्मृति
स्मृति करीब एक बजे रजिस्ट्री दफ्तर पहुंचीं और बैनामे की प्रक्रिया पूरी होने के बाद दो बजे बाहर निकलीं। इस दौरान स्मृति एक भी मिनट के लिए भी कुर्सी पर नहीं बैठीं। स्मृति के खड़े रहने की वजह से डीएम, एसपी, सीडीओ, एडीएम व उप निबंधक भी खड़े रहे। यहां जलपान की भी व्यवस्था थी लेकिन स्मृति ने सिर्फ एक गिलास पानी पिया।