आजम बोले, 'फैसलों की स्मगलिंग' कर रहे अफसर
‘सचिवालय के अफसरों और कर्मचारियों ने त्राहि-त्राहि मचा दी है। न उनकी प्यास बुझ रही है और न ही उनकी भूख मिटती है। ये सब सरकार विरोधी काम कर रहे हैं।’
राज्य सरकार के वरिष्ठ मंत्री मो. आजम खां ने सचिव सचिवालय प्रशासन को पत्र लिखकर यह बातें कही हैं। इसमें उन्होंने कहा है, बहुत तंग आकर पत्र लिख रहा हूं। इसलिए नगर विकास विभाग, अल्पसंख्यक कल्याण विभाग और इनके निदेशालयों में तैनात सचिवालय प्रशासन का पूरा स्टाफ जल्द बदलने का कष्ट करें।
यह सुनिश्चित किया जाए कि मेरे यहां कोई भी पुराना अधिकारी व कर्मचारी तैनात न रहे। वह यह भी लिखते हैं इसमें से दो-चार अगर भरोसेमंद हैं तो उनकी सेवाएं बरकरार रखी जाए।
फैसलों की स्मगलिंग, फाइलें फोटोकॉपी करा विरोधियों को दे रहे
आजम ने पत्र में यह भी लिखा है कि उनके विभाग में तैनात सचिवालय प्रशासन के अफसर व कर्मचारी कार्यालयों की फाइलों की फोटो कॉपी करके सरकार विरोधियों को मुहैया करा रहे हैं। मोबाइल पर सरकार के फैसलों की स्मगलिंग की जा रही है।
कार्यालय को सूचना का बाजार बनाना और सरकार के आदेशों को या तो फाइलों से निकाल कर गायब कर देना या किसी ऐसी जगह पहुंचा देना, जहां बरसों किसी के हाथ न पहुंच पाए, यह सब किया जा रहा है।
आजम बोले, पहले भी रंगे हाथ पकड़ा
मेरे कार्यालय में सचिवालय का कोई भी अधिकारी व कर्मचारी कार्यरत नहीं है। मैंने पहले भी लोगों को रंगे हाथ पकड़ा है। आजम का कहना है कि अब यह गलतफहमी दूर हो जानी चाहिए कि सचिवालय के अधिकारियों और कर्मचारियों के बगैर मंत्रियों का कोई काम नहीं चलेगा।
मेरा कार्यालय सचिवालय प्रशासन के सहयोग के बिना बेहतर ढंग से चल रहा है। मेरे यहां जो अधिकारी, कर्मचारी काम करते हैं, उनपर मेरा पूरा भरोसा और प्रशासनिक नियंत्रण रहता है।
आजम पहले भी हटा चुके हैं अपने स्टाफ
आजम सचिवालय प्रशासन के अधिकारियों और कर्मचारियों पर पहले भी अविश्वास जता चुके हैं। अपने निजी सचिव व अन्य स्टाफ को हटाने के साथ ही सचिवालय प्रशासन से लेकर मुख्यमंत्री अखिलेश यादव तक उनके खिलाफ कार्रवाई को लिख चुके हैं।
आजम के निजी स्टाफ हटाने के बाद सचिवालय में खूब हंगामा हुआ था, लेकिन कुछ भी नहीं हुआ। आजम के स्टाफ में मौजूदा समय अल्पसंख्यक कल्याण विभाग के अधिकारी और कर्मचारी काम कर रहे हैं।