मोबाइल खरीदने के लिए कलेजे के टुकड़े को पांच हजार में बेचा
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
नगर कोतवाली क्षेत्र में ममता को ताक पर रखते हुए एक मां ने मोबाइल व बैग खरीदने के लिए अपने डेढ़ साल के बच्चे को पांच हजार में बेच दिया। शिकायत पर कोतवाली पुलिस ने बच्चे को ढूंढ निकाला है।
शहर के हौसिला नगर कालोनी में एक ईसाई परिवार रहता है। परिवार की मुखिया कमील का कहना है कि उसने अपनी 25 वर्षीय पुत्री रीना की शादी आजमगढ़ निवासी विक्टर के साथ की थी।
आपसी अनबन के चलते पति-पत्नी दो वर्ष से अलग हैं और उनकी पुत्री रीना अपने मायके में उसके साथ रहती है। रविवार दोपहर उनका डेढ़ साल का नाती घर से गायब हो गया।
काफी खोजबीन के बाद शाम चार बजे रीना नाका इलाके में मिली। घर लाकर बच्चे की बाबत पूछताछ में वह इधर-उधर की बात करती रही।
बताया नहीं कर पा रही थी परवरिश
इस पर कमील अपने बेटे के साथ कोतवाली पहुंच शिकायत दी और रीना को पुलिस के हवाले कर दिया। पुलिस ने रीना की निशानदेही पर लखनऊ से बच्चे को बरामद कर लिया। रीना ने मोबाइल व बैग खरीदने के लिए बच्चे को पांच हजार में बेच दिया था।
कमील का कहना है कि रीना पर बेहद बेहद लापरवाह है और उलटी-सीधी हरकतें करती रहती थी। वहीं रीना का कहना है कि उसने बच्चे की अच्छी परवरिश के लिए एक आदमी को दे दिया था। बेटे को बेचने का इल्जाम गलत है। परिवार बेटे की परवरिश नहीं कर पा रहा था।
इस बाबत नगर कोतवाल जितेंद्र सिंह ने बताया कि बच्चे की मां की मानसिक हालत ठीक नहीं लग रही। परिवार की ओर से कोई शिकायत नहीं दर्ज कराई गई है। बच्चा खोजकर परिवार के हवाले किया गया है।