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मोदी बोले, गुजरात से भी आंख का इलाज कराने सीतापुर आते थे लोग
Updated Sun, 22 Apr 2018 11:49 PM IST
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मोदी बोले, गुजरात से भी आंख का इलाज कराने सीतापुर आते थे लोग
लखनऊ। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सांसदों व विधायकों से संवाद करते वक्त रविवार को सीतापुर के हरगांव से विधायक सुरेश राही से भी बात की। सांसदों व विधायकों से संवाद के क्रम में राही ऐसे दूसरे भाजपा विधायक हैं जिनसे पीएम मोदी ने बात की। इससे पहले 11 अप्रैल को प्रधानमंत्री ने इटवा डॉ. सतीश द्विवेदी से बात की थी। मोदी नमो एप के जरिये देश के सांसदों व विधायकों से वीडियो कांफ्रेसिंग से बातचीत कर रहे थे।
सीतापुर के विधायक सुरेश राही से बातचीत में प्रधानमंत्री ने बचपन का जिक्त्रस् करते हुए कहा कि, जब मैं छोटा था तो सीतापुर का नाम बहुत सुना था। सीतापुर में मोतियाबिंद का ऑपरेशन अच्छे से होता है। लोग गुजरात से यूपी के सीतापुर जाते थे। विधायक ने जनता को जोड़ने के तरीके पर सवाल किया। मोदी ने विधायक राही से कहा कि, फंड का लिखित ब्योरा सार्वजनिक करें ताकि लोगों का जनप्रतिनिधियों पर भरोसा बढ़े। विधायकों को गांवों के हर घर में एलईडी बल्ब, किसानों को सोलर पंप लगवाने में मदद देनी चाहिए। गांव के लोगों को एक साथ यूरिया ले जाने के लिए प्रेरित करना चाहिए ताकि भाड़ा बचे। किसानों को बीमा कराने के लिए समझाना चाहिए। एक सफल विधायक के लिए सरकारी योजनाओं को नीचे तक पहुंचाना जरूरी है। भाजपा के पास देश में सबसे ज्यादा अनुसूचित जाति व पिछड़ी जातियों के विधायक हैं।
पीएम ने इस दौरान स्वच्छता अभियान व ग्राम स्वराज अभियान की सार्थकता पर बातचीत की। उन्होंने भाजपा कार्यकर्ताओं को नसीहत भी दी कि वे हर मुद्दे पर राष्ट्र के प्रतिनिधि बनने या विशेषज्ञ बनने की कोशिश न करें। मीडिया को न कोसें। जरूरत पड़ने पर जिसकी जिम्मेदारी होगी वह जवाब देगा। विधायकों को नसीहत देते हुए मोदी ने कहा कि, पिछले कुछ सालों में भाजपा कार्यकर्ता काफी परिपक्व हुए हैं। पर, कुछ बातें हैं जो कड़वी हैं लेकिन बोलना जरूरी है। कभी हमारे लोग मीडिया को लेकर कई बातें करते हैं। पर, जब बात करते हैं तो ऐसे करते हैं कि जैसे कोई बहुत बड़े अर्थशास्त्री या विषय के विद्वान हों। मीडिया इन्हीं बयानों से कोई एक हिस्सा निकाल लेता है और किरकिरी होती है।
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लखनऊ। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सांसदों व विधायकों से संवाद करते वक्त रविवार को सीतापुर के हरगांव से विधायक सुरेश राही से भी बात की। सांसदों व विधायकों से संवाद के क्रम में राही ऐसे दूसरे भाजपा विधायक हैं जिनसे पीएम मोदी ने बात की। इससे पहले 11 अप्रैल को प्रधानमंत्री ने इटवा डॉ. सतीश द्विवेदी से बात की थी। मोदी नमो एप के जरिये देश के सांसदों व विधायकों से वीडियो कांफ्रेसिंग से बातचीत कर रहे थे।
सीतापुर के विधायक सुरेश राही से बातचीत में प्रधानमंत्री ने बचपन का जिक्त्रस् करते हुए कहा कि, जब मैं छोटा था तो सीतापुर का नाम बहुत सुना था। सीतापुर में मोतियाबिंद का ऑपरेशन अच्छे से होता है। लोग गुजरात से यूपी के सीतापुर जाते थे। विधायक ने जनता को जोड़ने के तरीके पर सवाल किया। मोदी ने विधायक राही से कहा कि, फंड का लिखित ब्योरा सार्वजनिक करें ताकि लोगों का जनप्रतिनिधियों पर भरोसा बढ़े। विधायकों को गांवों के हर घर में एलईडी बल्ब, किसानों को सोलर पंप लगवाने में मदद देनी चाहिए। गांव के लोगों को एक साथ यूरिया ले जाने के लिए प्रेरित करना चाहिए ताकि भाड़ा बचे। किसानों को बीमा कराने के लिए समझाना चाहिए। एक सफल विधायक के लिए सरकारी योजनाओं को नीचे तक पहुंचाना जरूरी है। भाजपा के पास देश में सबसे ज्यादा अनुसूचित जाति व पिछड़ी जातियों के विधायक हैं।
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पीएम ने इस दौरान स्वच्छता अभियान व ग्राम स्वराज अभियान की सार्थकता पर बातचीत की। उन्होंने भाजपा कार्यकर्ताओं को नसीहत भी दी कि वे हर मुद्दे पर राष्ट्र के प्रतिनिधि बनने या विशेषज्ञ बनने की कोशिश न करें। मीडिया को न कोसें। जरूरत पड़ने पर जिसकी जिम्मेदारी होगी वह जवाब देगा। विधायकों को नसीहत देते हुए मोदी ने कहा कि, पिछले कुछ सालों में भाजपा कार्यकर्ता काफी परिपक्व हुए हैं। पर, कुछ बातें हैं जो कड़वी हैं लेकिन बोलना जरूरी है। कभी हमारे लोग मीडिया को लेकर कई बातें करते हैं। पर, जब बात करते हैं तो ऐसे करते हैं कि जैसे कोई बहुत बड़े अर्थशास्त्री या विषय के विद्वान हों। मीडिया इन्हीं बयानों से कोई एक हिस्सा निकाल लेता है और किरकिरी होती है।
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