{"_id":"65d1aed161318b532e007c23","slug":"train-to-kashmir-banihal-sangaldan-rail-section-to-start-from-february-20-pm-modi-can-inaugurate-2024-02-18","type":"story","status":"publish","title_hn":"Train To Kashmir: बनिहाल-संगलदान रेल खंड 20 फरवरी से होगा शुरू, पीएम मोदी दिखा सकते हैं हरी झंडी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Train To Kashmir: बनिहाल-संगलदान रेल खंड 20 फरवरी से होगा शुरू, पीएम मोदी दिखा सकते हैं हरी झंडी
Sun, 18 Feb 2024 12:46 PM IST
kumar गुलशन कुमार
अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू
अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू
Published by: kumar गुलशन कुमार
Updated Sun, 18 Feb 2024 12:46 PM IST
सार
उधमपुर-श्रीनगर-बारामुला रेल लिंक (यूएसबीआरएल) परियोजना आजादी के बाद सबसे महत्वाकांक्षी हिमालयी रेलवे परियोजनाओं में से एक है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा संगलदान से एक ट्रेन को री झंडी दिखाकर इस खंड का उद्घाटन करने की संभावना है।
विज्ञापन
सुंबड़ रेलवे स्टेशन
- फोटो : परवेज
विस्तार
भारतीय रेलवे 20 फरवरी को देश की सबसे महत्वाकांक्षी उधमपुर-श्रीनगर-बारामुल्ला रेल लिंक परियोजना के 48.1 किलोमीटर लंबे खंड बनिहाल-खड़ी-सुंबर-संगलदान खंड पर ट्रेन सेवाएं शुरू करेगा। रेलवे सूत्रों के अनुसार, रेल मार्ग से कश्मीर घाटी को देश से जोड़ने के सपने को साकार करने के लिए प्रयास तेज हैं।
विज्ञापन
उधमपुर-श्रीनगर-बारामुला रेल लिंक (यूएसबीआरएल) परियोजना आजादी के बाद सबसे महत्वाकांक्षी हिमालयी रेलवे परियोजनाओं में से एक है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा संगलदान से एक ट्रेन को री झंडी दिखाकर इस खंड का उद्घाटन करने की संभावना है।
विज्ञापन
रेलवे के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा पीर पंजाल के चुनौतीपूर्ण इलाके में यूएसबीआरएल का लक्ष्य एक सभी मौसम के लिए आरामदायक और आर्थिक रूप से व्यवहार्य परिवहन नेटवर्क स्थापित करना है। यूएसबीआरएल परियोजना कश्मीर घाटी को जम्मू क्षेत्र और राष्ट्रीय रेल नेटवर्क के साथ एकीकृत करने का प्रयास करती है, जिसकी कुल लंबाई 272 किलोमीटर है। जिसमें से 161 किलोमीटर पहले ही चालू हो चुकी है।
विज्ञापन
रेलवे के अनुसार, 15,863 करोड़ रुपये की लागत से बनाया गया बनिहाल-खड़ी-सुंबर-संगलदान खंड संचालन के लिए तैयार है और बारामुला से बनिहाल तक मौजूदा ट्रेन सेवाओं को अब संगलदान के पास एक शहर तक बढ़ाया जाएगा।
इसमें 16 पुल हैं। 11 बड़े, चार छोटे और एक सड़क ओवरब्रिज शामिल हैं। इस खंड का 90 प्रतिशत से अधिक हिस्सा सुरंगों में है, जिसमें कुल 11 सुरंगें हैं, जो 43.37 किलोमीटर को कवर करती हैं। सुरक्षा और बचाव के लिए 30.1 किलोमीटर की कुल लंबाई के साथ तीन एस्केप सुरंगें हैं। इसके अतिरिक्त इस खंड में 23.72 किलोमीटर तक फैले 30 मोड़ शामिल हैं।