अमरनाथ यात्रा पर फिदायीन हमले की आशंका
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वर्ष 2015 की श्री अमरनाथ यात्रा सुरक्षा के लिए लिहाज से एक बड़ी चुनौती होगी। पिछले एक साल में आतंकियों के फिदायीन दस्तों के बढ़ते हमलों ने सुरक्षा एजेंसियों की चिंता भी बढ़ा दी है। इसे लेकर मंथन शुरू कर दिया गया है।
जम्मू-नई दिल्ली नेशनल हाईवे पर होने वाले हमलों से भी चिंता बढ़ी है। ऐसे में हर वर्ष की तरह हाईवे पर लगने वाले लंगरों पर भी इस साल आतंकी साया है। इससे निपटने को सुरक्षा के कड़े इंतजाम करने पड़ेंगे। बहरहाल, सुरक्षा एजेंसियों ने केंद्र और राज्य सरकार दोनों को अलर्ट कर दिया है।
सुरक्षा एजेंसियों के पास ऐसे इनपुट भी आ रहे हैं, जिसमें अमरनाथ यात्रा पर आतंकी हमले करने की आतंकी संगठन साजिश रच रहे हैं। आतंकियों के फिदायीन दस्ते यात्रा पर हमला करने की तैयारी कर रहे हैं।
इसलिए अभी से एजेंसियों ने सरकार को अलर्ट कर दिया है, ताकि यात्रा की सुरक्षा को लेकर विशेष योजना बनाई जा सके। बहुत से पहलुओं पर मंथन करने के बाद एजेंसियों ने सरकार को चेताया है।
लंगरों पर भी आतंकी साया
पिछले एक साल में जम्मू-नई दिल्ली नेशनल हाईवे पर पांच बार आतंकी हमले हुए हैं। हाईवे आतंकियों के निशाने पर है। सेना ने भी सरकार को चेताते हुए हाईवे को जाम मुक्त करने को कहा है, क्योंकि ऐसी संभावनाएं हैं कि आतंकी हाईवे पर हमले कर सकते हैं।
ऐसे में यहां लगने वाले लंगरों पर भी आतंकी साया है। लखनपुर से लेकर श्रीनगर तक हाईवे पर 50 से अधिक जगहों पर लंगर लगते हैं। इन लंगरों पर हजारों अमरनाथ यात्री रुकते हैं। ऐसे में आतंकी यहां हमला कर मौत का खूनी खेल सकते हैं।
सेना की रिपोर्ट के मुताबिक कश्मीर के स्थानीय युवा आतंकी संगठनों के साथ जुड़ रहे हैं। पिछले एक साल में कई स्थानीय आतंकी पकड़े गए और मारे गए।
अमरनाथ यात्रा में यह स्थानीय आतंकी खलल डाल सकते हैं, क्योंकि वे कश्मीर से पूरी तरह से वाकिफ हैं और हमले करने में मददगार साबित हो सकते हैं, इसलिए आतंकी संगठन इन्हें अपने साथ जोड़ रहे हैं।