{"_id":"66ac29d34e07afa0730007c4","slug":"salary-cannot-be-withheld-until-appointment-is-proved-illegal-high-court-jammu-news-c-10-jam1008-411930-2024-08-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"नियुक्ति अवैध साबित होने तक नहीं रोक सकते वेतन: हाईकोर्ट","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
नियुक्ति अवैध साबित होने तक नहीं रोक सकते वेतन: हाईकोर्ट
Fri, 02 Aug 2024 06:05 AM IST
जम्मू और कश्मीर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, जम्मू
संवाद न्यूज एजेंसी, जम्मू
Updated Fri, 02 Aug 2024 06:05 AM IST
विज्ञापन
जम्मू। जब तक यह साबित न हो कि नियुक्ति अवैध है, तब तक किसी का वेतन नहीं रोका जा सकता। यह महत्वपूर्ण निर्णय केंद्रीय प्रशासनिक न्यायाधिकरण के आदेश के खिलाफ प्रदेश सरकार द्वारा दायर अपील में खंडपीठ ने पारित किया है। मामला स्वास्थ्य विभाग के कर्मियों का है।
वीरवार को हाईकोर्ट के जज संजीव कुमार एवं एमए चौधरी की अध्यक्षता वाली खंडपीठ ने कहा कि प्रतिवादियों की नियुक्तियां जाली, धोखाधड़ीपूर्ण या अवैध हैं, यह साबित हुए बिना प्रतिवादियों का उनके कर्तव्यों के निर्वहन की अवधि का वेतन नहीं रोका जा सकता। न्यायाधिकरण ने अनुमति दी है कि प्रतिवादियों को उनके द्वारा किए गए कार्य के लिए वेतन का भुगतान करें। स्वास्थ्य विभाग से संबंधित 133 कर्मियों की अवैध नियुक्ति के मामले में वेतन रोकने का आदेश हुआ था। लेकिन, केंद्रीय प्रशासनिक न्यायाधिकरण ने वेतन जारी करने को कहा था। सरकार ने केंद्रीय प्रशासनिक न्यायाधिकरण को चुनौती दी थी। जेएनएफ
विज्ञापन
वीरवार को हाईकोर्ट के जज संजीव कुमार एवं एमए चौधरी की अध्यक्षता वाली खंडपीठ ने कहा कि प्रतिवादियों की नियुक्तियां जाली, धोखाधड़ीपूर्ण या अवैध हैं, यह साबित हुए बिना प्रतिवादियों का उनके कर्तव्यों के निर्वहन की अवधि का वेतन नहीं रोका जा सकता। न्यायाधिकरण ने अनुमति दी है कि प्रतिवादियों को उनके द्वारा किए गए कार्य के लिए वेतन का भुगतान करें। स्वास्थ्य विभाग से संबंधित 133 कर्मियों की अवैध नियुक्ति के मामले में वेतन रोकने का आदेश हुआ था। लेकिन, केंद्रीय प्रशासनिक न्यायाधिकरण ने वेतन जारी करने को कहा था। सरकार ने केंद्रीय प्रशासनिक न्यायाधिकरण को चुनौती दी थी। जेएनएफ
विज्ञापन