{"_id":"684b42dda0b82f4272051af8","slug":"police-stations-only-have-lists-not-criminals-jammu-news-c-10-jam1003-635229-2025-06-13","type":"story","status":"publish","title_hn":"Jammu News: पुलिस थानों में सिर्फ सूची है, अपराधी नहीं","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Jammu News: पुलिस थानों में सिर्फ सूची है, अपराधी नहीं
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अमर उजाला ब्यूरो
जम्मू। कठुआ गैंगस्टर मुठभेड़, गटारू हत्याकांड और अब गंग्याल गोलीकांड जैसी कई बड़ी वारदातों के बावजूद जम्मू, कठुआ और सांबा में सक्रिय गैंगस्टर, हिस्ट्रीशीटर जैसे अपराधी बिना भय के पुलिस की गिरफ्त से बाहर हैं। पुलिस थानों में इन अपराधियों की सिर्फ सूची ही है, अपराधी सलाखों से दूर हैं।
बता दें कि अप्रैल 2024 में कठुआ गैंगस्टर मुठभेड़ के बाद जम्मू-कश्मीर पुलिस ने गैंगस्टरों पर नकेल कसने के तमाम दावे किए थे। जम्मू, सांबा और कठुआ में पिछले 15 वर्षों से सक्रिय गैंगस्टरों, हिस्ट्रीशीटरों, कुख्यात अपराधियों की सूची तैयार की। इसमें जम्मू के 48, सांबा के 30 और कठुआ के 38 गैंगस्टरों की पहचान की गई थी।
अपराधियों पर कार्रवाई करने के लिए पुलिस ने 17 बिंदु तैयार किए थे। गैंगस्टरों की गतिविधियों पर नजर रखी जा रही थी। इसी दौरान जनवरी 2025 में गैंगस्टरों ने आपसी रंजिश में जम्मू शहर के अति व्यस्त ज्यूल चौक पर दिनदहाड़े सुमित जंडियाल उर्फ गटारू की गोली मारकर हत्या कर दी। वह कार से जा रहा था और हमलावर पहले से वहां खड़े थे। ठीक नवाबाद पुलिस चौकी के पास यह हत्याकांड हुआ। गटारू खुद भी हिस्ट्रीशीटर था।
विज्ञापन
बता दें कि कठुआ गैंगस्टर मुठभेड़ में प्रोबेशनरी सब इंस्पेक्टर बलिदान हो गए थे। इस घटना के बाद से पुलिस महकमा स्तब्ध है क्योंकि किसी ने सोचा नहीं था कि गैंगस्टर इतनी हिमाकत करेंगे। ऐसे वारदात पंजाब, उत्तर प्रदेश और बिहार में देखी जाती रही हैं।
अब गत छह जून को गंग्याल में दिनदहाड़े वारदात को अंजाम दिया गया। आरोपियों ने बाइक सवार को पहले कार से पहले टक्कर मारी और इसके बाद दौड़ाते हुए गोली मार दी। इसमें एक घायल हो गया। इस गोलीकांड में अब जो चार आरोपी पकड़े गए हैं, उन्होंने यह कोई पहली वारदात नहीं की। वारदात में घायल भी हिस्ट्रीशीटर है।
गंग्याल गोलीकांड में शामिल चार आरोपियों में दो पर तीन-तीन मामले दर्ज है। एक पर दो मामले और एक पर एक मामला दर्ज है। वहीं इस वारदात में घायल युवक पर भी नौ मामले दर्ज हैं। पुलिस ने उसे हिस्ट्रीशीटर घोषित कर रखा है।
विज्ञापन
जम्मू। कठुआ गैंगस्टर मुठभेड़, गटारू हत्याकांड और अब गंग्याल गोलीकांड जैसी कई बड़ी वारदातों के बावजूद जम्मू, कठुआ और सांबा में सक्रिय गैंगस्टर, हिस्ट्रीशीटर जैसे अपराधी बिना भय के पुलिस की गिरफ्त से बाहर हैं। पुलिस थानों में इन अपराधियों की सिर्फ सूची ही है, अपराधी सलाखों से दूर हैं।
बता दें कि अप्रैल 2024 में कठुआ गैंगस्टर मुठभेड़ के बाद जम्मू-कश्मीर पुलिस ने गैंगस्टरों पर नकेल कसने के तमाम दावे किए थे। जम्मू, सांबा और कठुआ में पिछले 15 वर्षों से सक्रिय गैंगस्टरों, हिस्ट्रीशीटरों, कुख्यात अपराधियों की सूची तैयार की। इसमें जम्मू के 48, सांबा के 30 और कठुआ के 38 गैंगस्टरों की पहचान की गई थी।
विज्ञापन
अपराधियों पर कार्रवाई करने के लिए पुलिस ने 17 बिंदु तैयार किए थे। गैंगस्टरों की गतिविधियों पर नजर रखी जा रही थी। इसी दौरान जनवरी 2025 में गैंगस्टरों ने आपसी रंजिश में जम्मू शहर के अति व्यस्त ज्यूल चौक पर दिनदहाड़े सुमित जंडियाल उर्फ गटारू की गोली मारकर हत्या कर दी। वह कार से जा रहा था और हमलावर पहले से वहां खड़े थे। ठीक नवाबाद पुलिस चौकी के पास यह हत्याकांड हुआ। गटारू खुद भी हिस्ट्रीशीटर था।
विज्ञापन
बता दें कि कठुआ गैंगस्टर मुठभेड़ में प्रोबेशनरी सब इंस्पेक्टर बलिदान हो गए थे। इस घटना के बाद से पुलिस महकमा स्तब्ध है क्योंकि किसी ने सोचा नहीं था कि गैंगस्टर इतनी हिमाकत करेंगे। ऐसे वारदात पंजाब, उत्तर प्रदेश और बिहार में देखी जाती रही हैं।
अब गत छह जून को गंग्याल में दिनदहाड़े वारदात को अंजाम दिया गया। आरोपियों ने बाइक सवार को पहले कार से पहले टक्कर मारी और इसके बाद दौड़ाते हुए गोली मार दी। इसमें एक घायल हो गया। इस गोलीकांड में अब जो चार आरोपी पकड़े गए हैं, उन्होंने यह कोई पहली वारदात नहीं की। वारदात में घायल भी हिस्ट्रीशीटर है।
गंग्याल गोलीकांड में शामिल चार आरोपियों में दो पर तीन-तीन मामले दर्ज है। एक पर दो मामले और एक पर एक मामला दर्ज है। वहीं इस वारदात में घायल युवक पर भी नौ मामले दर्ज हैं। पुलिस ने उसे हिस्ट्रीशीटर घोषित कर रखा है।