मस्लिम वोटरों को लुभाने के लिए मोदी का नया पैंतरा
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
शनिवार को पीरपंजाल की घाटी से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पाकिस्तान को संकेतों में चेतावनी दी। जम्हूरियत के जोश को सलाम कर अलगाववादियों पर करारी चोट की और मुस्लिम वोट बैंक को रिझाया। मोदी अपने चिरपरिचित अंदाज में दिखे और अवाम से सीधा संवाद कायम कर अपनी हर बात पर लगातार मुहर लगवाते रहे। उन्होंने बार्डर के लोगों की बहादुरी की चर्चा कर उनकी नब्ज को भी सहलाया।
लैंड आफ किंग्स के नाम से मशहूर राजोरी में भाजपा के जनाधार विस्तार के लिए मोदी ने सबका साथ, सबका विकास के अपने स्थापित नारे का सहारा लिया। मोदी मंच पर गुज्जर नेताओं से मिले और मुस्लिम नेताओं के साथ गुफ्तगू की।
भाजपा के अन्य नेताओं और प्रत्याशियों से गुलदस्ते स्वीकारते मोदी जल्दी में दिखे, लेकिन, जब किसी मुस्लिम नेता ने बुके दिया तो उनसे हालचाल पूछा और देर तक हाथ मिलाते-बात करते नजर आए। राजोरी इलाके की चार विधानसभा सीटों पर मुस्लिम आबादी अच्छी खासी है।
लिहाजा, मोदी ने इस वोट बैंक को रिझाने में कोई कोर कसर बाकी नहीं छोड़ी। मोदी की रैली में गुज्जर समुदाय के लोग अपने अपने पारंपरिक लिबास में अगली पंक्ति में दिखे। मोदी ने देर तक हाथ हिलाकर उनका अभिवादन किया।
अवाम ने बुलेट का जवाब बैलेट से दिया
मोदी ने खुद को आम लोगों से जोड़ा। उन्होंने कहा कि इतनी बड़ी रैली पहले कभी राजोरी में नहीं हुई। जनता का ऐसा आशीर्वाद नसीब से ही मिलता है। यह प्यार बेकार नहीं जाएगा। अपनेपन की चर्चा करते हुए उन्होंने आठ साल की उस लड़की की कहानी दोहराई जो अपने पांच साल के भाई को गोद में लेकर पहाड़ी पर चढ़ते हुए थकान महसूस नहीं करती।
मुगल काल में राजोरी के संघर्ष और वीरता को याद किया तथा सूफी संतों की इस भूमि को बार-बार नमन कर अपनत्व का अहसास कराया। पुलिस और सेना की शहादत को याद किया तथा पूर्व सैनिकों के वोट बैंक के मद्देनजर वन रैंक, वन पेंशन की चर्चा की।
मोदी ने पाकिस्तान की बेवजह गोलाबारी की चर्चा करते हुए अवाम की वीरता को सराहा। उन्होंने कहा कि बिना वर्दी, बिना बंदूक और बिना बुलेट प्रूफ जैकेट के आम लोग पाकिस्तान का मुकाबला करते रहे हैं। उन्होंने अलगाववादियों और आतंकवादियों की धमकियों और अपीलों के पराजित होने की भी चर्चा की।
मोदी ने कहा कि अवाम ने बुलेट का जवाब बैलेट से दिया है। राजोरी के विकास और इसे कटड़ा से रेलमार्ग से जोड़ने की चर्चा कर स्थानीय लोगों की जरूरतों से खुद को जोड़ा।
रोजगार, शिक्षा के अलावा रियासत सरकार द्वारा अपनाई जा रही भेदभाव की नीति पर भी मोदी ने हमला किया। उन्होंने कहा कि यहां की सरकार सिर्फ जम्मू खित्ते से ही नहीं श्रीनगर में भी इलाके के हिसाब से भेदभाव करती है।