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बाढ़ के बाद अब गांवों में सूखे का संकट
ब्यूरो/अमर उजाला, जम्मू
Updated Fri, 26 Sep 2014 06:12 PM IST
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कुछ दिन पहले तक जम्मू में बाढ़ का कहर था तो अब खेतों में सिंचाई के लिए पानी तक नहीं मिल पा रहा है। छह सितंबर को तवी नदी में आई बाढ़ से इरिगेशन फीडर का ढांचा बह जाने की वजह से तवी के आसपास के करीब 22 गांवों में किसानों को सिंचाई के लिए पानी नहीं मिल रहा है।
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ऐसे में किसानों को फसल खराब होने की चिंता सताने लगी है। वहीं रणवीर नहर से गंदगी को निकालने के बाद सिंर्चाई विभाग की ओर से इसमें पानी छोड़ दिया गया है, लेकिन अभी भी कई नहरें सूखी पड़ी हुई हैं। सौहांजना गांव के सरपंच कुलभूषण खजूरिया का कहना है कि तवी में बाढ़ के बाद से ही क्षेत्र की नहर में पानी नहीं आ रहा है।
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उनका कहना है कि बिजली तो पहले ही गुल थी, नहर में पानी न होने से किसानों को फसल खराब होने की चिंता भी सताने लगी है। सिंचाई और बाढ़ नियंत्रण विभाग के चीफ इंजीनियर एचसी जैरथ का कहना है कि बाढ़ से तवी इरिगेशन फीडर को खासा नुकसान पहुंचा है। इसकी मरम्मत में काफी समय लगेगा। करीब 22 गांव इस फीडर से सिंचाई का पानी लेते थे।
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अब विभाग की कोशिश की है कि गांवों में सिंर्चाई का पानी देने के लिए वैकल्पिक व्यवस्था बड़ी तवी से की जाए। उनका कहना है कि रणवीर नहर की सफाई के बाद पानी छोड़ दिया गया है। अब भी कुछ नहरें बंद हैं। उनकी सफाई के बाद उन्हें भी खोल दिया जाएगा।