सरहद पर युद्ध जैसे हालात, 25 हजार का पलायन
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पाकिस्तान की ओर से सीमा पर आरएस पुरा और अरनिया सेक्टर की सभी चौकियों को निशाना बनाया गया है। हीरानगर, सांबा, रामगढ़ और अखनूर सेक्टर में भी पाकिस्तानी सेना और रेंजरों द्वारा गोलाबारी की गई है।
बीएसएफ महानिदेशक डीके पाठक ने बताया कि मंगलवार-बुधवार की रात में पाकिस्तान द्वारा 192 किलोमीटर लंबी अंतर्राष्ट्रीय सीमा पर 85 चौकियों और बंकरों पर मोर्टार दागे गए।
पीएमओ में राज्यमंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने सीमांत इलाकों का दौरा करने के बाद कहा कि बीएसएफ को पाकिस्तान की हर हरकत का उसी की भाषा में मुंहतोड़ जवाब देने की खुली छूट दी गई है।
खाली कराई गई 192 किमी अंतराष्ट्रीय सीमा
सरहद और नियंत्रण रेखा पर लगातार सात दिन से रिहायशी इलाकों पर जारी पाक गोलाबारी से हालात और बिगड़ गए हैं। 192 किलोमीटर लंबी अंतर्राष्ट्रीय सीमा पर बसे गांवों को जिस तरह से खाली कराया जा रहा है उससे आसार अच्छे नजर नहीं आ रहे।
भारत ने पाकिस्तान को सबक सिखाने के लिए अपने जवानों को करारा जवाब देने की खुली छूट दे दी है। सूत्रों के मुताबिक भारत की ओर से सरहद पर किसी भी स्थिति से निपटने की सभी माकूल इंतजाम कर लिए गए हैं।
राकेट लांचरों को भी चुस्त-दुरुस्त किया गया है। मंगलवार देर रात से बुधवार देर शाम तक पाक ने रिहायशी इलाकों के साथ 85 पोस्टों को भी निशाना बनाया। गोलाबारी की चपेट में आकर दो महिलाओं की मौत हो गई। सीमा सुरक्षा बल के तीन जवानों समेत 25 से ज्यादा लोग गंभीर रूप से जख्मी हैं।
25 हजार लोगों ने छोड़ा अपना घर-बार
तीन दर्जन से ज्यादा मवेशी मारे गए हैं। घायल पशुओं की तादाद सैंकड़ों में है। सीमा और नियंत्रण रेखा गांवों से पलायन और तेज हो गया है। अब तक करीब 25 हजार लोग अपना घर छोड़कर सरकारी कैंपों और रिश्तेदारों के घरों में पनाह ले चुके हैं।
गांव के गांव खाली हो गए हैं। कठुआ जिले के 47 गांवों से पलायन हुआ है। सांबा, अरनिया और आरएस पुरा सेक्टर में सीमांत गांवों के वाशिंदों को हटाया गया है। स्कूल और कई सरकारी इमारतों में इनको ठहराने का इंतजाम किया जा रहा है।
डीजीपी बीएसएफ डीके पाठक सुबह जीएमसी में भर्ती जवानों को देखने और मदद का चेक देने पहुंचे तो उनसे भी जवानों ने यही कहा कि हमें अब और सब्र नहीं करना चाहिए।
उमर ने दिए लोगों की पूरी मदद के आदेश
दूसरी ओर मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने पाकिस्तानी गोलाबारी से ग्रामीणों जानमाल के नुकसान से बचाने के लिए प्रशासन को आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए हैं।
उमर ने प्रशासनिक और पुलिस अफसरों को निर्देश जारी करते हुए कहा कि सीमांत ग्रामीणों की सुरक्षा को हर हाल में सुनिश्चित किया जाए। ग्रामीणों के ठहरने, खाने-पीने की व्यवस्था को भी सुनिश्चित करने को कहा है।
एक सप्ताह में पाकिस्तानी गोलाबारी में मरने वालों की संख्या आठ हो चुकी है। 80 लोग जख्मी हुए हैं। पाकिस्तान की ओर से आईबी पर आरएस पुरा और अरनिया सेक्टर में ज्यादातर पोस्टों पर लगातार गोलाबारी जारी है।