नेकां विधायकों ने बजट भाषण की प्रतियां फाड़ीं
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विधानसभा में उस वक्त हंगामा मच गया, जब नेशनल कांफ्रेंस के विधायकों ने बजट भाषण की प्रतियां सदन में ही फाड़ डालीं। इस दौरान वह जोर-शोर से अध्यक्ष के सामने रोष जताते रहे। हुआ यूं कि बजट चर्चा के दौरान कई नेकां विधायक चर्चा के लिए समय मांग रहे थे।
इसी दौरान बजट पर वित्त मंत्री हसीब द्राबू के जवाब देने का समय आ गया। जब अध्यक्ष ने द्राबू को आमंत्रित किया तो नेकां विधायक अपने लिए समय मांगते हुए वेल के करीब तक पहुंच गए और अध्यक्ष से समय मांगने लगे।
अध्यक्ष द्वारा उनकी मांग ठुकरा देने पर सदस्य सदन में शोर मचाने लगे। हालात बिगड़ते देख सदन में उपस्थित मार्शलों ने भी पोजीशन संभाल ली। इस दौरान वित्त मंत्री की सीट के करीब पहुंचे नेका विधायक ने बजट भाषण की प्रतियां फाड़ हवा में उड़ा डालीं।
कार्यवाही शुरू होते ही उस वक्त विपक्ष भड़क गया
अध्यक्ष ने विधायकों को कहा कि वे अपनी सीट पर चले जाएं, लेकिन वह नहीं माने। इसके बाद नेकां के तमाम विधायक वित्त मंत्री के भाषण का बायकाट करते हुए सदन से बाहर चले गए। इसके बाद उनकी अनुपस्थिति में वित्त मंत्री ने बजट पर जवाब रखा।
दोपहर बाद सदन की कार्यवाही शुरू होते ही उस वक्त विपक्ष भड़क गया, जब वित्त मंत्री सहित एक भी मंत्री सदन में उपस्थित नहीं था। कांग्रेस विधायक दल के नेता नवांग रिगजिन जोरा ने इस ओर अध्यक्ष का ध्यान बंटाते हुए विरोध दर्ज करवाया।
उनका कहना था कि बजट चर्चा के दौरान वित्त मंत्री की अनुपस्थिति में चर्चा करने के कोई मायने नहीं है। मंत्रियों की सीटें खालीं हैं। लगभग 15 मिनट के बाद कुछ मंत्री सदन में पहुंचे और उसके बाद वित्त मंत्री का आगमन हुआ।
बजट चर्चा के दौरान विधायक इंजीनियर रशीद और रविंद्र रैणा में नोक-झोंक हो गई। हुआ यूं कि रैना ने बजट पर अपना पक्ष रखते हुए विस्थापितों के लिए बोर्ड के गठन की बात की।
इस पर उनके साथ ही बैठे रशीद ने विरोध जताना शुरू कर दिया। इस पर रैणा ने उन्हें स्पष्ट कहा कि उनके भाषण के दौरान बेवजह अड़चन न डालें। कुछ देर शोर मचाने के बाद रशीद अपनी सीट पर बैठ गए।