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सराहनीयः लॉकडाउन में बच्चों के भविष्य के लिए इंजीनियर से गणित के अध्यापक बने श्रीनगर के मुनीर
Mon, 29 Jun 2020 03:56 PM IST
प्रशांत कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू
Published by: प्रशांत कुमार
Updated Mon, 29 Jun 2020 03:56 PM IST
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इंजीनियर से गणित के अध्यापक बने श्रीनगर के मुनीर
- फोटो : बासित जरगर
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जम्मू-कश्मीर में कोरोना वायरस के बाद हुए लॉकडाउन के चलते सभी स्कूल-कॉलेज और कोचिंग संस्थान बंद हैं। ऐसे में एनआईटी श्रीनगर से इंजीनियरिंग की पढ़ाई कर चुके मुनीर ने अनूठी पहल शुरू की है। घाटी के बच्चों की पढ़ाई प्रभावित न हो और संक्रमण न फैले इन दोनों पहलुओं को ध्यान में रखते हुए मुनीर आलम खुले मैदान में बच्चों को शिक्षा दे रहे हैं।
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रोज सुबह जल्दी उठकर गाड़ी में कुर्सियां और पाठ्य सामग्री रखकर श्रीनगर के ईदगाह मैदान पहुंच जाते हैं। मैदान में वह बच्चों को गणित की शिक्षा दे रहे हैं। मुनीर पिछले 20 साल से 11वीं और 12वीं के बच्चों को पढ़ा रहे हैं।
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जम्मू-कश्मीर में 2-जी नेटवर्क होने की वजह से बच्चों को काफी दिक्कतों का सामना भी करना पड़ रहा है। इन सब चीजों को देखते हुए मुनीर ने बच्चों को शिक्षा देने का निर्णय लिया। बच्चों का भविष्य न बिगड़े इसके लिए वह लगातार प्रयास कर रहे हैं। इस बात को लेकर घाटी में मुनीर की काफी सराहना हो रही है।