भूस्खलन से तबाह हुआ पंजर गांव बनेगा स्मार्ट विलेज
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दिल्ली स्थित गैर सरकारी संगठन केयर फाउंडेशन और वालंटियर्स ऑफ कन्सेन्ट्रिक्स इंडिया ने भूस्खलन से तबाह हुए उधमपुर के पंजर गांव को को गोद लिया है। ये संगठन इन गांवों में प्रभावित पुए लोगों के पुनर्वास काम करेगें।
लव केयर फाउंडेशन के निदेशक संजय डरू और वालंटियर्स ऑफ कन्सेन्ट्रिक्स इंडियाइन के अधिकारी राज नेहरु ने बताया कि दोनों संस्थाओं ने उधमपुर जिले के सद्दल और पंजर गावों को गोद लिया है। इन संगठनों का लक्ष्य है कि वे भूस्खलन से पीड़ित लोगों के पुनर्वास का काम करेंगे।
संजय डरू ने कहा कि मेरी टीम इस काम के लिए प्रतिवद्ध है। हम तबाह हुए गांव को स्मार्च विलेज गांव के आधार पर तैयार करेंगे। यह अपने आप में देश का पहला स्मार्ट विलेज होगा।
75 परिवारों को आस्थई रुप से शेड में ठहराया
राज नेहरु का कहना था कि फिलहाल हम लोगों ने भूस्खलन से बेघर हुए सद्दल गांव के 75 परिवारों को आस्थई रुप से शेड में ठहराया हुआ है। जिससे इन लोगों को बारिश और सर्दी से बचाया जा सके है। फिलहाल वे लोग जम्मू के डीसी और उधमपुर के डिवीजन कमिश्नर के साथ मिलकर इस गांव के निमार्ण की रुपरेखा तैयर करने पर बातचीत कर रहे हैं।
पंजर गांव में 550 पर परिवार रहते है। इनमें से लगभग 121 परिवार भारी बारिश और भूस्खलन से प्रभावित हुए थे । इन संस्थाओं का कहना है कि हमारी पहली प्रथमिकता होगी इन लोगों को आने वाली कड़ाके की ठंड से बचाना होगा। इस लिए पहले हमने रहने के शेड आदि की व्यवस्था की है।
आपको बताते चलें कि सद्दल और पंजर में 7 सितंबर को हुई भारी बारिश और भूस्खलन के कारण 41 लोग बह गए थे। इनमें से बाद में 40 लोगों के शव को बरामद कर लिया गया था।