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Ladakh: लोकसभा चुनाव से पहले लद्दाखवासियों को मिल सकता है तोहफा, स्थापित हो सकती हैं दो नई प्रशासनिक इकाइयां
Tue, 06 Feb 2024 09:40 AM IST
अनुज कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू/लेह
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू/लेह
Published by: अनुज कुमार
Updated Tue, 06 Feb 2024 09:40 AM IST
सार
केंद्र सरकार लोकसभा चुनाव से पहले लद्दाखवासियों को एक तोहफा देने की तैयारी कर रही है। लद्दाख में दो नई प्रशासनिक इकाइयां स्थापित हो सकती हैं।
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सांकेतिक तस्वीर।
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
संविधान की छठी अनुसूची और पूर्ण राज्य के दर्जे को लेकर चल रहे आंदोलन के बीच केंद्र सरकार लोकसभा चुनाव से पहले लद्दाखवासियों को बड़ा तोहफा दे सकती है। केंद्र शासित प्रदेश में दो नई प्रशासनिक इकाइयां स्थापित हो सकती हैं। सूत्रों के अनुसार, लद्दाख में नुब्रा और जांस्कर को जिले का दर्जा दिया जा सकता है। वर्तमान में लद्दाख में केवल दो जिले कारगिल और लेह हैं।
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लेह एक बौद्ध बहुल जिला है, जिसमें नुब्रा तहसील है। उधर, कारगिल मुस्लिम बहुल जिला है, जिसमें जांस्कर तहसील है। ऐसे में अगर दोनों को जिले का दर्जा मिलता है तो लद्दाख में चार जिले हो जाएंगे। नुब्रा और जांस्कर के लोगों को जिला मुख्यालय में अपने कामों के लिए लेह और कारगिल का रुख नहीं करना पड़ेगा।
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दोनों जिलों में लद्दाख स्वायत्त पहाड़ी विकास परिषद
2019 में जम्मू-कश्मीर से अलग कर लद्दाख को केंद्र शासित प्रदेश बनाया गया था, जिसका लद्दाख के लोगों ने खुलकर स्वागत किया था। 2019 से पहले लद्दाख में चार विधानसभा क्षेत्र लेह, नुब्रा, कारगिल और जांस्कर थे। चूंकि, लद्दाख में अब विधानसभा नहीं है तो यह क्षेत्र निष्क्रिय हो गए हैं। वर्तमान में लद्दाख में एक लोकसभा सीट है और दोनों जिलों में लद्दाख स्वायत्त पहाड़ी विकास परिषद हैं।
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चार मांगों को लेकर आंदोलनरत हैं लोग
लद्दाख के विभिन्न संगठन पिछले कुछ समय से चार सूत्रीय मांगों को लेकर आंदोलनरत हैं। इनमें पूर्ण राज्य का दर्जा, जनजातीय क्षेत्र के लिए छठी सूची में लद्दाख को शामिल करना, लोकसभा सीट को एक से बढ़ाकर दो करना और लद्दाख के लिए अलग लोक सेवा आयोग स्थापित करना शामिल है। साथ ही लंबे समय से कारगिल में जांस्कर और लेह में नुब्रा को जिला का दर्जा देने की मांग की जा रही है। इसे लेकर लेह के विभिन्न राजनीतिक व सामाजिक संगठनों का संयुक्त मोर्चा लेह अपेक्स बॉडी (एलएबी) और कारगिल के विभिन्न सामाजिक व राजनीतिक संगठनों का संयुक्त मोर्चा कारगिल डेमोक्रेटिक अलायंस (केडीए) आंदोलन कर रहे हैं।
19 फरवरी को गृह मंत्रालय के साथ बैठक
केंद्रीय गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय ने एक प्रतिनिधिमंडल की बैठक 19 फरवरी बुलाई है। एलएबी और केडीए के 14 सदस्यों के अलावा लद्दाख के एलजी ब्रिगेडियर (सेवानिवृत्त) बीडी मिश्रा, सांसद जामयांग त्सेरिंग नामग्याल और लेह और कारगिल के हिल डेवलपमेंट काउंसिल के दोनों अध्यक्षों के भी बैठक में भाग लेने की उम्मीद है।