रियासत की क्रिकेट को लगा बड़ा झटका, पढ़ें खबर
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जम्मू-कश्मीर क्रिकेट एसोसिएशन के रणजी कैंप को पीसीए स्टेडियम मोहाली, चंडीगढ़ में शिफ्ट किया गया है। बाढ़ के कारण श्रीनगर और जम्मू के मैदानों के पूरी तरह से तैयार न होने के कारण बीसीसीआई के न्योते पर कैंपों को दूसरे राज्यों में ले जाया गया है।
कैंप में टीम इंडिया के पूर्व आल राउंडर सुनील जोशी राज्य के क्रिकेटरों को बल्लेबाजी, गेंदबाजी और क्षेत्ररक्षण के गुर सिखाएंगे। इसके अलावा भविष्य में अन्य कैंपों के लिए नागपुर एकेडमी के साथ भी बात चल रही है।
जेकेसीए के चेयरमैन अरविंदर सिंह मिक्की के अनुसार बाढ़ के कारण जम्मू और श्रीनगर के खराब मैदानों को देखते हुए क्रिकेटरों को बेहतर सुविधाएं देने के लिए दूसरे राज्यों में कैंप लगाए जा रहे हैं। इसमें प्रैक्टिस मुकाबले भी आयोजित किए जाएंगे।
छह नवंबर को हिमाचल से होना है पहला वनडे मैच
बीसीसीआई की ओर से जेकेसीए के क्रिकेटरों को पंजाब के मैदानों पर कोचिंग करवाई जा रही है। जेएंडके की संभावित रणजी टीम में 24 क्रिकेटरों को शामिल किया गया है। बिलासपुर में जेएंडके को रणजी ट्राफी विजय हजारे एक दिवसीय चैंपियनशिप में 6 नवंबर को दिल्ली के साथ अपना पहला मुकाबला खेलना है।
इसके अलावा 8 नवंबर को सर्विसेज, 10 नवंबर को पंजाब, 12 नवंबर को हिमाचल प्रदेश और 14 नवंबर को हरियाणा के साथ जेएंडके की भिड़ंत होगी। पिछले साल रणजी टीम को तैयार करने में जेकेसीए के चीफ कोच टीम इंडिया के पूर्व आलराउंडर विशन सिंह बेदी ने अहम भूमिका निभाई थी।
तब जेएंडके ने इतिहास रचकर क्वार्टर फाइनल तक का सफर तय किया था। क्वार्टर फाइनल में उसके जीत अभियान पंजाब ने रोक दिया था। इस बार चीफ कोच के रूप में कमान सुनील जोशी को दी गई है।
एसोसिएशन में खींचतान का उठाना पड़ा खामियाजा
जेकेसीए के चेयरमैन मिक्की के अनुसार बाहरी राज्यों में कोचिंग कैंप लगाने का मुख्य उद्देश्य स्थानीय क्रिकेटरों को बेहतर वातावरण देने के साथ उन्हें दूसरे राज्यों की टीमों के साथ रूबरू करवाना है, जिससे वे अपने प्रदर्शन को और बेहतर बना सकें।
जेकेसीए के पदाधिकारियों में खींचतान के चलते बाहरी राज्यों में कोचिंग कैंप लगाना भी एक कारण है। जीजीएम के साइंस कालेज की हास्टल ग्राउंड को बाढ़ से ज्यादा नुकसान नहीं हुआ है।
इस मैदान को कोचिंग कैंप के लिए बेहतर तरीके से तैयार किया जा सकता था, लेकिन पदाधिकारियों में खींचतान से ऐसा संभव नहीं हो पाया है। जम्मू विंग की ओर से लगाए गए कोचिंग कैंपों को चेयरमैन से मान्यता नहीं दी गई। इस बीच गत दिनों हास्टल ग्राउंड पर चेयरमैन की ओर से कैंप लगाने की कोशिश की गई, लेकिन गेट पर ताला लगा देने से मामला बिगड़ गया।