जम्मू कश्मीर: भर्ती एजेंसी को एक साल की परीक्षा कराने का मिलेगा जिम्मा, जेकेएसएसबी ने परीक्षा में किया बदलाव
जेकेएसएसबी की आधिकारिक वेबसाइट पर जारी अधिसूचना के अनुसार, बोर्ड ने अक्तूबर से भर्ती परीक्षाएं आयोजित करने का फैसला लिया है। पेपर लीक होने के कारण तीन बड़ी भर्ती परीक्षाएं रद्द होने के बाद अब बोर्ड नई भर्ती एजेंसी की तलाश कर रहा है।
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प्रदेश में तीन बड़ी भर्ती परीक्षाओं में घोटाले के बाद जम्मू-कश्मीर सेवा चयन बोर्ड (जेकेएसएसबी) ने परीक्षा व्यवस्था में भारी बदलाव किया है। अब ओएमआर पद्धति के बजाय कंप्यूटर बेस्ड टेस्ट (सीबीटी) का आयोजन होगा। इसके लिए भर्ती एजेंसी को दो के बजाय एक साल का ही अनुंबध मिलेगा।
भर्ती एजेंसी के काम के विश्लेषण के बाद अनुबंध को आगे बढ़ाया जा सकता है। पांच साल से सीबीटी परीक्षाओं का सफल आयोजन करने वाली भर्ती एजेंसी को ही जिम्मेदारी मिलेगी। इसके साथ ही परीक्षा के दस दिन पहले ही केंद्र को सील कर दिया जाएगा।
जेकेएसएसबी की आधिकारिक वेबसाइट पर जारी अधिसूचना के अनुसार, बोर्ड ने अक्तूबर से भर्ती परीक्षाएं आयोजित करने का फैसला लिया है। पेपर लीक होने के कारण तीन बड़ी भर्ती परीक्षाएं रद्द होने के बाद अब बोर्ड नई भर्ती एजेंसी की तलाश कर रहा है।
ये एजेंसी सीबीटी परीक्षाएं करवाएगी। इसके अलावा प्रश्न पत्र और उत्तर कुंजी तैयार करने का जिम्मा भी एजेंसी का होगा। एजेंसी को परीक्षा के 25 दिन पहले परीक्षा केंद्रों की सूची जेकेएसएसबी को सौंपनी होगी। अगर केंद्रों में कोई बदलाव करना होगा तो 15 दिन पहले बोर्ड को सूचित करना होगा।
ऐसे स्थान पर परीक्षा केंद्र होने चाहिए जहां पर उम्मीदवारों का पहुंचना आसान हो। सार्वजनिक यातायात की सुविधा उपलब्ध हो। भर्ती एजेंसी द्वारा तैयार किए जाने वाले प्रश्न पत्र में बोर्ड की ओर से पिछले तीन साल में करवाई गई परीक्षा के प्रश्न नहीं होने चाहिए।
सीसीटीवी से लैस होंगे परीक्षा केंद्र
जिन परीक्षा केंद्रों पर परीक्षा होगी, वे सीसीटीवी से लैस होंगे। परीक्षा केंद्र में आने वाले उम्मीदवारों की बॉयोमीट्रिक हाजिरी लगेगी। परीक्षा केंद्र पर गर्मी में वातानुकूलित (एयर कंडीशन) और सर्दी के समय के लिए गर्मी (हीटिंग) की व्यवस्था होनी चाहिए। एक लाख से कम उम्मीदवारों वाली परीक्षा के लिए केंद्र तीन दिन पहले, जबकि एक लाख से ज्यादा उम्मीदवारों वाली परीक्षा के लिए केंद्र पांच दिन पहले पूरी तरह तैयार करने होंगे। इन केंद्रों में इस दौरान अन्य किसी भी तरह की परीक्षा नहीं होगी।
25 उम्मीदवारों पर होगा एक निरीक्षक
परीक्षा केंद्र में 25 उम्मीदवारों पर एक निरीक्षक तैनात होगा। परीक्षा केंद्र का संचालक या मालिक निरीक्षक नहीं होगा। निरीक्षक की आयु 25 वर्ष से अधिक होनी चाहिए। पूर्व में जेकेएसएसबी की परीक्षा देने वाला उम्मीदवार भी निरीक्षक नहीं हो सकेगा।
2.89 लाख युवाओं पर पड़ा असर
वर्ष 2022 में जम्मू-कश्मीर सेवा चयन बोर्ड द्वारा करवाई भर्ती परीक्षाओं में तीन बड़ी परीक्षाएं रद्द हुई हैं। इसका असर 2.89 लाख युवाओं पर पड़ा है। एक साल से तैयारी करने के बावजूद परीक्षा रद्द होने से जहां युवाओं का समय बर्बाद हुआ, वहीं, पैसा खर्च होने के साथ मनोबल पर भी असर पड़ा है। नई भर्ती एजेंसी नियुक्ति होने से उम्मीद है कि अगली परीक्षाएं पारदर्शी रूप से होंगी।