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537 प्राथमिक कृषि सहकारी समितियों का हुआ कंप्यूटरीकरण: मंत्री
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जम्मू। जम्मू-कश्मीर सरकार किसान और ग्रामीण समुदाय के कल्याण व प्रगति के लिए सहकारी क्षेत्र को मजबूत कर रहा है। इसके लिए विभिन्न पहल की जा रही हैं। जम्मू-कश्मीर में 1746.27 लाख रुपये की लागत से 537 प्राथमिक कृषि सहकारी समितियों (पीएसीएस) के कम्प्यूटरीकरण से प्रदेश सहकारी क्षेत्र मजबूत हुआ है।
ये बातें कृषि मंत्री जावेद अहमद डार ने कही। उन्होंने कहा कि संयुक्त राष्ट्र संगठन (यूएनओ) ने 2025 को सहकारिता एक बेहतर दुनिया का निर्माण करती है विषय थीम के तहत सहकारिता का अंतरराष्ट्रीय वर्ष घोषित किया है। सहकारी समितियों के डिजिटलीकरण से पारदर्शिता में सुधार हुआ है। वित्तीय समावेशन को भी बढ़ावा मिला है। इससे किसानों और ग्रामीण समुदाय के लिए बेहतर सेवा वितरण सुनिश्चित हुआ है। मंत्री ने कहा कि 144 प्रधानमंत्री किसान समृद्धि केंद्र (पीएमकेएसके) शुरू होने से सहकारी नेटवर्क मजबूत हुआ है। यह वन-स्टॉप कृषि सेवा केंद्र के रूप में काम करते हैं। ये केंद्र किसानों को उच्च गुणवत्ता वाले बीज, उर्वरक उपलब्ध कराते हैं। डिजिटल समावेशन की दिशा में 480 कॉमन सर्विस सेंटर (सीएससी) स्थापित किए गए हैं। इसके अतिरिक्त, किसानों की बाजार तक पहुंच और बढ़ाने के लिए 61 पैक्स को कृषक उत्पादक संगठनों (एफपीओ) में तब्दील किया है।
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ये बातें कृषि मंत्री जावेद अहमद डार ने कही। उन्होंने कहा कि संयुक्त राष्ट्र संगठन (यूएनओ) ने 2025 को सहकारिता एक बेहतर दुनिया का निर्माण करती है विषय थीम के तहत सहकारिता का अंतरराष्ट्रीय वर्ष घोषित किया है। सहकारी समितियों के डिजिटलीकरण से पारदर्शिता में सुधार हुआ है। वित्तीय समावेशन को भी बढ़ावा मिला है। इससे किसानों और ग्रामीण समुदाय के लिए बेहतर सेवा वितरण सुनिश्चित हुआ है। मंत्री ने कहा कि 144 प्रधानमंत्री किसान समृद्धि केंद्र (पीएमकेएसके) शुरू होने से सहकारी नेटवर्क मजबूत हुआ है। यह वन-स्टॉप कृषि सेवा केंद्र के रूप में काम करते हैं। ये केंद्र किसानों को उच्च गुणवत्ता वाले बीज, उर्वरक उपलब्ध कराते हैं। डिजिटल समावेशन की दिशा में 480 कॉमन सर्विस सेंटर (सीएससी) स्थापित किए गए हैं। इसके अतिरिक्त, किसानों की बाजार तक पहुंच और बढ़ाने के लिए 61 पैक्स को कृषक उत्पादक संगठनों (एफपीओ) में तब्दील किया है।
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