फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Jammu and Kashmir ›   Jammu News ›   Jammu : Five policemen and teachers who helped terrorists dismissed

Jammu Kashmir : आतंकियों के मददगार पांच पुलिसकर्मी और शिक्षक बर्खास्त, नशा तस्करों से भी जुड़े थे इनके तार

Sun, 04 Aug 2024 05:43 AM IST
दुष्यंत शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, श्रीनगर
अमर उजाला नेटवर्क, श्रीनगर Published by: दुष्यंत शर्मा Updated Sun, 04 Aug 2024 05:43 AM IST
सार

इनके नशा तस्करों व आतंकियों से संबंध पाए गए हैं। अधिकारियों ने बताया कि उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने संविधान के अनुच्छेद 311(2)(सी) का इस्तेमाल कर इन सभी को सेवा से बर्खास्त कर दिया। 

विज्ञापन
Jammu : Five policemen and teachers who helped terrorists dismissed
जम्मू कश्मीर पुलिस मुख्यालय - फोटो : संवाद

विस्तार

जम्मू-कश्मीर सरकार ने देश विरोधी गतिविधियों में शामिल पांच पुलिसकर्मियों और एक शिक्षक को सेवा से बर्खास्त कर दिया है। इनके नशा तस्करों व आतंकियों से संबंध पाए गए हैं। अधिकारियों ने बताया कि उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने संविधान के अनुच्छेद 311(2)(सी) का इस्तेमाल कर इन सभी को सेवा से बर्खास्त कर दिया। 

विज्ञापन


राष्ट्रपति या राज्यपाल को अगर लगता है कि जनसेवा में व्यक्ति का बने रहना राज्य की सुरक्षा के लिए हानिकारक है तो वह अनुच्छेद के प्रावधान ‘सी’ के तहत किसी कर्मचारी को सामान्य प्रक्रिया का अनुपालन किए बिना बर्खास्त कर सकते हैं। 
विज्ञापन


जांच में पता चला है कि ये कर्मचारी पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी इंटर सर्विसेज इंटेलिजेंस (आईएसआई) और उसके यहां से संचालित आतंकी समूहों के ‘नार्को-टेरर’ गिरोह से जुड़े हुए थे। अधिकारियों ने बताया कि इन सरकारी कर्मियों को ड्रग्स तस्करी के जरिये आतंकवाद के वित्तपोषण में लिप्त पाया गया। बर्खास्त कर्मचारियों में हेड कांस्टेबल फारूक अहमद शेख, चयन ग्रेड कांस्टेबल सैफ दीन, खालिद हुसैन शाह और इरशाद अहमद चालकू, कांस्टेबल रहमत शाह और शिक्षक नजम दीन शामिल है। 
विज्ञापन
विज्ञापन


सीमा पार से आतंकियों की घुसपैठ में करते थे मदद 
नार्को-आतंकवाद गिरोह से जुड़े होने के आरोप में बर्खास्त किए गए पांच पुलिसकर्मी और एक शिक्षक सीमापार से आतंकवादियों की जम्मू-कश्मीर में घुसपैठ में मदद करते थे। अधिकारियों ने बताया कि आरोपी कर्मचारी हिजबुल मुजाहिदीन और लश्कर-ए-ताइबा के आतंकवादियों की मदद के साथ ही आतंकवाद के वित्तपोषण में भी भूमिका निभाते थे।  

अधिकारी ने बताया कि कांस्टेबल सैफ दीन डोडा जिले के शिगानी भल्लेसा का निवासी है। वह ड्रग तस्कर था और हिजबुज मुजाहिदीन जैसे प्रतिबंधित आतंकवादी संगठनों के आतंकवादियों के लिए काम करता था। उसने ड्रग चैनल बनाए थे, जिनका इस्तेमाल राष्ट्र विरोधी एजेंसियां और तत्व हथियारों, नशीले पदार्थों की तस्करी और जम्मू-कश्मीर में आतंकवादियों की घुसपैठ को सुविधाजनक बनाने के लिए कर रहे हैं। 

वहीं कुपवाड़ा के इबकूटे तंगदार इलाके के निवासी हेड कांस्टेबल शेख ने खालिद शाह और रहमत शाह के साथ मिलकर नियंत्रण रेखा के पार से पाकिस्तान के कब्जे वाले जम्मू-कश्मीर के तस्करों से मादक पदार्थों की एक बड़ी खेप हासिल की थी। शेख पाकिस्तान स्थित आतंकवादियों के संपर्क में था जो नियंत्रण रेखा (एलओसी) के पार से नशीले पदार्थों, हथियारों और धन की तस्करी में शामिल रहे हैं। ब्यूरो

खालिद कुपवाड़ा-करनाह में ड्रग कार्टेल का बड़ा खिलाड़ी
अधिकारियों ने बताया कि कुपवाड़ा के चानीपोरा पाईन टंगडार क्षेत्र के निवासी खालिद शाह ने क्षेत्र के अपने ज्ञान का उपयोग पीओजेके में ड्रग तस्करों के साथ संपर्क स्थापित करने के लिए किया। वह कुपवाड़ा-करनाह क्षेत्र में ड्रग कार्टेल चलाने में सबसे आगे था। कुपवाड़ा के करनाह इलाके के पंजोवा पिंगला हरिदल निवासी रहमत शाह को नियंत्रण रेखा के पार से मादक पदार्थों की एक बड़ी खेप मिली थी, जिसे उसे देश के अन्य हिस्सों में बिक्री के लिए भेजना था। इस आय का उपयोग जम्मू-कश्मीर को अस्थिर करने के लिए पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी की बड़ी योजना के लिए किया जाना था।    


चार वर्ष में 70 कर्मचारी बर्खास्त... 
8 जून को सरकार ने दो पुलिसकर्मियों, जल शक्ति विभाग में एक सहायक लाइनमैन और एक शिक्षक की सेवाओं को समाप्त किया था। प्रदेश में पिछले चार वर्षों में इस तरह कुल 70 सरकारी कर्मचारियों को बर्खास्त किया जा चुका है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed