फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Jammu and Kashmir ›   Jammu News ›   Jammu and Kashmir: Political turmoil as the genie of delimitation comes out

जम्मू-कश्मीर : परिसीमन का जिन्न बाहर आते ही सियासी घमासान, भगवा खेमे में सर्वाधिक विरोध

Wed, 09 Feb 2022 04:47 AM IST
दुष्यंत शर्मा बृजेश कुमार सिंह, जम्मू
बृजेश कुमार सिंह, जम्मू Published by: दुष्यंत शर्मा Updated Wed, 09 Feb 2022 04:47 AM IST
सार

भगवा खेमे के कई नेता परिसीमन आयोग की अतंरिम के विरोध में सड़क पर उतर आए हैं। कई नेताओं ने पद से इस्तीफे दे दिए हैं। परिसीमन को गले की फांस बनता देख पार्टी की ओर से डैमेज कंट्रोल भी शुरू हो गया है।

विज्ञापन
Jammu and Kashmir: Political turmoil as the genie of delimitation comes out
जम्मू-कश्मीर में परिसीमन आयोग की टीम file pic - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

जम्मू-कश्मीर में परिसीमन का जिन्न बोतल से बाहर आते ही सियासी घमासान शुरू हो गया है। विरोधी दल ही नहीं, सत्तारूढ़ भाजपा के कई नेता भी प्रस्तावित परिसीमन पर उखड़ गए हैं। भगवा खेमे के कई नेता परिसीमन आयोग की अतंरिम के विरोध में सड़क पर उतर आए हैं। कई नेताओं ने पद से इस्तीफे दे दिए हैं। परिसीमन को गले की फांस बनता देख पार्टी की ओर से डैमेज कंट्रोल भी शुरू हो गया है। उधर, गुपकार गठबंधन (पीएजीडी) आक्रामक है। उसने सहयोगी सदस्यों की ओर से 14 फरवरी को आपत्तियां दाखिल करने के बाद 23 फरवरी को बैठक बुला ली है। कांग्रेस, अपनी पार्टी, पीपुल्स कांफ्रेंस, पैंथर्स पार्टी एवं अन्य संगठन भी विरोध में खड़े हो गए हैं। 

विज्ञापन


राजनीतिक पर्यवेक्षकों का मानना है कि परिसीमन की इस पूरी कवायद में भाजपा को ही सबसे अधिक अंतर्विरोध का सामना करना पड़ रहा है। उसकी बड़ी परेशानी सुचेतगढ़ सीट को लेकर है, जिसका अस्तित्व समाप्त हो गया है। यहां के भाजपा कार्यकर्ता नेतृत्व के खिलाफ भड़क उठे हैं और परिसीमन प्रस्ताव पर बदलाव की मांग कर रहे हैं। परिसीमन की अंतरिम रिपोर्ट के सहयोगी सदस्यों तक पहुंचने के बाद पिछले दो दिनों से विरोध प्रदर्शन चल रहा है।
विज्ञापन


भाजपा से जुड़े बीडीसी अध्यक्ष, सदस्य, मंडल अध्यक्ष व शक्ति प्रमुखों ने इस्तीफा दे दिया है। पार्टी के रणनीतिकारों का मानना है कि यह सब कुछ लंबा चला तो पार्टी को नुकसान उठाना पड़ सकता है। इसलिए जल्द से जल्द डैमेज कंट्रोल कर लिया जाए। इस पर भाजपा रुठे व नाराज कार्यकर्ताओं के साथ बैठकें भी कर रही है। भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष रवींद्र रैना का कहना है कि परिसीमन की रिपोर्ट में जहां कहीं भी कमियां रह गई हैं उसे सहयोगी सदस्य एवं सांसद आयोग के समक्ष रखकर उसे दूर कराने की कोशिश करेंगे। 
विज्ञापन
विज्ञापन


पीएजीडी में शामिल नेकां, पीडीपी के साथ ही सीपीआई (एम) ने परिसीमन प्रस्ताव को खारिज करते हुए कहा है कि भाजपा ने इसे अपने मनमाफिक कराने का प्रयास किया है। इससे प्रदेश की बहुसंख्यक आबादी को लोकतांत्रिक अधिकारों से वंचित करने की कोशिश की गई है। नेकां उपाध्यक्ष उमर अब्दुल्ला व पीडीपी प्रमुख महबूबा मुफ्ती ने कहा कि यह प्रस्ताव स्वीकार्य नहीं है। भाजपा ने इसे अपने फायदे के लिए तैयार कराया है। इससे लोकतांत्रिक प्रक्रिया को झटका लगेगा। अपनी पार्टी प्रमुख अल्ताफ बुखारी ने भी इसे खारिज करते हुए कहा कि यह लोगों की भावनाओं के विपरीत है। कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता रवींद्र शर्मा के अनुसार जमीनी हकीकत को नजरअंदाज करते हुए परिसीमन किया गया है, जो लोगों को परेशानी में डालने वाला है। 

सुचेतगढ़, परगवाल व पुरखू को लेकर भाजपा चिंतित
भाजपा सुचेतगढ़ सीट के अस्तित्व समाप्त होने, परगवाल को अखनूर से जोड़ने और पुरखू के इलाके को मढ़ में मिलाने को लेकर चिंतित है। इसके साथ ही गांधीनगर सीट का नाम बाहु किए जाने से भी वह पूर्ण रूप से सहमत नहीं है। पार्टी के एक पदाधिकारी ने बताया कि इन सब मामलों को लेकर आपत्ति दर्ज कराई जाएगी। इसमें बदलाव की कोशिश होगी। 


चुनाव कार्यालय में भी आपत्तियों पर ज्ञापन 
परिसीमन आयोग की अंतरिम रिपोर्ट को लेकर चुनाव कार्यालय में भी आपत्तियों से संबंधित ज्ञापन सौंपा जा रहा है। पैंथर्स पार्टी की ओर से चुनाव कार्यालय को ज्ञापन सौंपकर आपत्ति के बिंदु बताए गए हैं। कुछ अन्य संगठनों की ओर से भी ज्ञापन सौंपा गया है। हालांकि, चुनाव कार्यालय के अधिकारियों की ओर से इन्हें  स्पष्ट किया गया है कि यह उनका अधिकार क्षेत्र नहीं है। वह इन आपत्तियों को आयोग के समक्ष भेज देंगे। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed