घाटी पर लगे आतंकवाद के बदनुमा दाग को जल्द हटाने की कोशिश, नशा तस्करी भी रोकेंगे: दिलबाग सिंह
- राज्य में नशे की खपत और नशा तस्करी में हो रही बढ़ोतरी एक बड़ी चिंता का विषय है। जम्मू-कश्मीर पुलिस सख्ती से इससे निपटने के प्रयास कर रही है। पुलिस की यह भी कोशिश है कि घाटी पर लगे आतंकवाद के बदनुमा दाग को जल्द हटा दिया जाए ताकि लोग अमन शांति की जिंदगी फिर से जी सकें।
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जम्मू-कश्मीर पुलिस के महानिदेशक ने कहा कि राज्य में नशे की खपत और नशा तस्करी में हो रही बढ़ोतरी समाज के लिए एक बड़ी चिंता का विषय है। जम्मू-कश्मीर पुलिस सख्ती से इससे निपटने के प्रयास कर रही है। पुलिस की यह भी कोशिश है कि घाटी पर लगे आतंकवाद के बदनुमा दाग को जल्द हटा दिया जाए ताकि लोग अमन शांति की जिंदगी फिर से जी सकें।
पुलिस महानिदेशक दिलबाग सिंह ने उत्तरी कश्मीर के बारामूला में कहा कि हमारे समाज के लिए और हम लोगों के लिए फिक्र की बात यह है कि समाज में नशा करने वालों की और नशा बेचने का जो सिलसिला है दोनों काफी बढ़ता जा रहा है। पुलिस ने पिछले दो सालों के अंदर इससे निपटने के लिए काफी अच्छा कार्य किया है, इतनी ज्यादा मात्रा में नशे की खेप जब्त की गई जो पहले कभी नहीं हुई थी।
उन्होंने कहा कि नशे की लत से छुटकारा दिलाने के लिए युवाओं की काउंसिलिंग की जा रही है। श्रीनगर और जम्मू में दो बड़े केंद्र हैं, जहां रोजाना अच्छे डॉक्टर, काउंसिलर उपलब्ध रहते हैं। दिलबाग सिंह ने कहा कि जो नशे की लत युवाओं में डाल रहे हैं उस चेन को भी वह जल्द पूरी तरह से तोड़ेंगे और उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। डीजीपी ने कहा कि 29 फरवरी को जम्मू संभाग के सभी एसएचओ को एक दिन की वर्कशॉप कारवाई जा रही है। इसमें उन्हें एनडीपीएस एक्ट के तहत करने वाली तफ्तीश के बारे में जानकारी दी जाएगी।
आतंकी गतिविधियों में गिरावट आई
एक सवाल के जवाब में डीजीपी ने कहा कि आतंकियों की संख्या पहले से कम हुई है। पुलिस अलग-अलग स्तर पर अमन बहाली के प्रयास को और मजबूत करने की कोशिश कर रही है। कहा कि पूरी कोशिश है कि यहां पर पैदा हुई अमन और शांति की स्थिति को और मजबूत किया जा सके।
दिलबाग सिंह के अनुसार जो पिछले तीन दशकों में आतंकवाद के चलते लोगों ने जो तकलीफ झेली है, कई बेगुनाहों ने जानें गवाई हैं उसमें पिछले समय के मुकाबले काफी गिरावट आई है। अगर 2019 और 2020 के शुरुआती महीनों की बात करें तो करीब 60 प्रतिशत आतंकवाद संबन्धित गतिविधियों में गिरावट दर्ज हुई है।