जानिए उमर अब्दुल्ला ने ऐसा क्यों कहा- दिल्ली ने गलती कर दी, सही समय पर बोलूंगा
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नए अधिवास अधिनियम को लेकर एक बार फिर उमर अब्दुल्ला ने केंद्र सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि दिल्ली ने इस संकट के समय अधिवास नियम जारी करके गलती की है। उन्होंने कहा कि पांच अगस्त के बाद से मैंने अपने मन की बात नहीं कही है। लेकिन मौजूदा समय खत्म होते ही मैं अपनी बात कहूंगा।
Delhi made a mistake notifying the domicile rules during this time of crisis & I made a mistake getting sucked in to this debate at a time when it’s wrong to let politics distract from the #COVID19 fight. I haven’t spoken my mind about 5/8/2019 yet but I will when this is over.विज्ञापन— Omar Abdullah (@OmarAbdullah) April 4, 2020
इससे पहले एक अप्रैल को जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने नए अधिवास अधिनियम पर कई सवाल उठाए थे। उमर ने कहा कि यदि भारत सरकार के पास कोरोना वायरस जैसी महामारी के बीच अधिवास कानून जारी करने का समय है तो उन्हें महबूबा मुफ्ती को रिहा करने का समय क्यों नहीं मिल सकता है।
If Govt of India has the time to issue a domicile law in the midst of this #COVID crisis why can’t they find the time to release @MehboobaMufti, Sagar Sahib & other leaders unjustly detained? They should be released without further loss of time.
— Omar Abdullah (@OmarAbdullah) April 1, 2020
उन्होंने अधिवास अधिनियम जारी करने के समय पर सवाल उठाते हुए कहा कि ऐसे समय हमारे सभी प्रयास और पूरा ध्यान कोरोना वायरस से लड़ने पर केंद्रित होना चाहिए था। उमर ने कहा कि अधिवास कानून इतना खोखला है कि दिल्ली के आशीर्वाद से बनी नई पार्टी जिसके नेता इस कानून के लिए दिल्ली में पैरवी कर रहे थे उन्हें भी इसकी आलोचना करने के लिए मजबूर होना पड़ा।