जम्मू-कश्मीरः डीसी ने चलवाई बस, एजेंटों ने करवा दिया समय में बदलाव
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जम्मू-कश्मीर के उधमपुर जिले में घोरड़ी रूट पर चलने वाली यात्री बसों को नियमित तौर पर समयानुसार नहीं चलाए जाने के कारण यात्रियों को कई प्रकार की समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। अधिक परेशानी सरकारी कर्मचारियों से लेकर छात्रों, श्रमिकों और अन्य को हो रही है। उनका कहना है कि एआरटीओ को इस समस्या से अवगत कराया जा चुका है बावजूद कोई कदम नहीं उठाया जा रहा। इस बस को कुछ समय पहले डीसी ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया था।
यात्रियों का आरोप है कि वाहन चालक, मालिक समय निर्धारित करने वाले एजेंटों से मिलीभगत कर सुबह के वक्त चलने वाली बसों के समय से मनमर्जी से बदलाव कर देते हैं। विरोध जताने पर बस में सवारी पूरी नहीं होने का बहाना बनाकर अधिकतर यात्री बसों के निर्धारित समय के फेरे रद्द कर दिए जाते हैं।
इससे यात्री मंजिल पर देरी से पहुंचते हैं। स्थानीय निवासियों ने बताया कि क्षेत्र का बहुत बड़ा हिस्सा रोज निजी व व्यवसायिक कार्यों के जिला मुख्यालय की ओर आवाजाही करता है। इसके लिए अधिकतर लोग इस रूट पर चलने वाली यात्री बसों पर निर्भर हैं।
हाल ही में जिला विकास आयुक्त डॉ. पियूष सिंगला व एआरटीओ रचना शर्मा ने एक यात्री बस को हरी झंडी दिखाकर सुबह साढे़ सात बजे चलाए जाने की शुरुआत की थी। कुछ दिन बस चलने के बाद लोगों को राहत मिली। इसके बाद बस एजेंटों और मालिकों ने मिली भगत से इसके समय में फेरबदल कर दिया।
इसके स्थान पर एक दिन अन्य बस व दूसरे इसी बस को चलाने का नियम लागू कर दिया गया। दूसरी बस का चालक और मालिक हर दूसरे दिन, सवारी पूरी न होने की बात कह कर सुबह साढ़े सात बजे का फेरा रद्द कर देते हैं। इसके चलते सवारियों को परेशान होकर या तो अगली बस में जाना पड़ता है।
अभी तक इस प्रकार की कोई शिकायत नहीं मिली है। इलाके के किसी भी पंच और सरपंच ने बस चालक और मालिक के मनमानी करने की बात नहीं बताई। अगर कोई इसकी जानकारी देता है तो जांच की जाएगी।
- रचना शर्मा, एआरटीओ, उधमपुर