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भीनी नाले में कंस्ट्रक्शन कंपनी के मालिक और इंजीनियर बहे
ब्यूरो, अमर उजाला/बिलावर
Updated Sun, 07 Aug 2016 12:29 PM IST
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नदी
- फोटो : Demo Pic.
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भारी बारिश से उफने भीनी नाले में बीती रात कंस्ट्रक्शन कंपनी के मालिक सहित दो लोग बह गए। कुछ दूर बहने पर झाड़ियों ने कंपनी मालिक की जान बचा ली, लेकिन, उसके साथ बहे इंजीनियर का पता नहीं चल सका है।
एसडीआरएफ की टीम शनिवार को दिन भर उसकी तलाश में जुटी रही। टीम के सदस्य भीनी पुल से पंजतीर्थी तक पूरे इलाके को छान रहे हैं। स्थानीय पुलिस और लोग भी इस अभियान में साथ दे रहे हैं। गत रात को भीनी पुल के निर्माण में लगे पांच-छह लोग नाले के मध्य बन रहे एक पिलर का निरीक्षण कर रहे थे।
ब्रिज कंस्ट्रक्शन कंपनी का मालिक नरेश गुप्ता (38) भी मौजूद था। अचानक नाले में बाढ़ आ गई। आननफानन में सभी लोग सुरक्षित किनारे की तरफ भागने लगे, लेकिन नरेश गुप्ता और पश्चिम बंगाल निवासी राजू शाह (28) बाढ़ की चपेट में आ गए।
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नरेश गुप्ता ने बताया कि हादसे की जगह से महज 100-200 मीटर की दूरी पर नाले किनारे झाड़ियों के एक झुरमुट ने उसकी जान बचा ली। झाड़ियों को पकड़ कर नरेश नाले के किनारे सुरक्षित पहुंच गया। यहां एक स्थान पर बैठ कर उसने सारी रात गुजारी। सुबह जब अंधेरा छंटा और नाले का पानी कम हुआ तो वह वहां से वापस अपने क्वार्टर में आ गया।
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एसडीआरएफ की टीम शनिवार को दिन भर उसकी तलाश में जुटी रही। टीम के सदस्य भीनी पुल से पंजतीर्थी तक पूरे इलाके को छान रहे हैं। स्थानीय पुलिस और लोग भी इस अभियान में साथ दे रहे हैं। गत रात को भीनी पुल के निर्माण में लगे पांच-छह लोग नाले के मध्य बन रहे एक पिलर का निरीक्षण कर रहे थे।
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ब्रिज कंस्ट्रक्शन कंपनी का मालिक नरेश गुप्ता (38) भी मौजूद था। अचानक नाले में बाढ़ आ गई। आननफानन में सभी लोग सुरक्षित किनारे की तरफ भागने लगे, लेकिन नरेश गुप्ता और पश्चिम बंगाल निवासी राजू शाह (28) बाढ़ की चपेट में आ गए।
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नरेश गुप्ता ने बताया कि हादसे की जगह से महज 100-200 मीटर की दूरी पर नाले किनारे झाड़ियों के एक झुरमुट ने उसकी जान बचा ली। झाड़ियों को पकड़ कर नरेश नाले के किनारे सुरक्षित पहुंच गया। यहां एक स्थान पर बैठ कर उसने सारी रात गुजारी। सुबह जब अंधेरा छंटा और नाले का पानी कम हुआ तो वह वहां से वापस अपने क्वार्टर में आ गया।