फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Jammu and Kashmir ›   Jammu News ›   Corona Warrior Doctor Arif of Srinagar s JLNM Hospital

मानवता की मिसाल: वो डॉक्टर जिसने नहीं माना सरकारी आदेश, उप-राज्यपाल मनोज सिन्हा भी हुए मुरीद

Sun, 23 May 2021 11:26 AM IST
प्रशांत कुमार अमृतपाल सिंह बाली, श्रीनगर
अमृतपाल सिंह बाली, श्रीनगर Published by: प्रशांत कुमार Updated Sun, 23 May 2021 11:26 AM IST
सार

श्रीनगर के जेएलएनएम अस्पताल में बतौर अनेस्थेटिस सेवा देने वाले डॉक्टर आरिफ ने स्वास्थ्य विभाग के नॉन-कोविड अस्पताल में ट्रांसफर के आदेश को नकारते हुए कोविड मरीजों की सेवा करने का फैसला लिया है। इस फैसले पर उप-राज्यपाल ने ट्वीट कर उनकी सराहना की।

विज्ञापन
Corona Warrior Doctor Arif of Srinagar s JLNM Hospital
डॉक्टर सैयद आरिफ - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

कश्मीर के डॉक्टर सैयद आरिफ ने मानवता की मिसाल पेश की है। खुद कोरोना संक्रमित होने, जिंदगी और मौत के बीच की जंग जीतने के बाद कोरोना के मरीजों की सेवा करने के लिए आगे आए हैं। डॉक्टर आरिफ ने विशेष बातचीत में कहा कि पिछले वर्ष मार्च से उनके अस्पताल को कोविड अस्पताल में परिवर्तित किया गया था। पांच महीने तक कोविड मरीजों का इलाज करने के बाद वह खुद कोरोना संक्रमित हो गए थे। उनका करीब 28 दिन तक अस्पताल में इलाज चला।

विज्ञापन


डॉक्टर आरिफ ने बताया कि उनकी हालत इतनी खराब हो गई थी कि बस वेंटीलेटर की कमी थी। वह शुरुआती कुछ लोगों में से थे जिन्हें प्लाज्मा थेरेपी दी गई। हालत बहुत खराब थी। लेकिन दुआओं से वह ठीक हो गए।
विज्ञापन


उन्होंने सितंबर में फिर से अस्पताल में कोविड मरीजों की सेवा करनी शुरू की। हाल ही में उन्हें नॉन-कोविड के लिए ट्रांसफर किया गया था लेकिन उन्होंने इसे नकारा और कहा कि अगर वह एक साल से काम कर रहे हैं तो अब क्यों पीछे हटें। उन्होंने कहा कि उनका यह सफर काफी डरावना रहा। लेकिन उनके मन में एक जज्बा है कोरोना मरीजों की सेवा करने का, इसलिए वह आगे आए हैं। 
विज्ञापन
विज्ञापन


यह भी पढ़ें- आतंकी हमला: पुलवामा में आतंकियों ने सुरक्षाबलों पर किया हमला, तलाशी अभियान जारी    
यह भी पढ़ें- महबूबा मुफ्ती बोलीं: सुरक्षा के नाम पर सात महीने से बंद सात डीडीसी सदस्यों ने की इस्तीफे की पेशकश
यह भी पढ़ें- किसान बोले: खीरा चार और टमाटर छह रुपये किलो, हम परेशान पर ये कमा रहे हैं मुनाफा, कैसे भरेंगे पेट    

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed