जम्मू नगर निगम की बड़ी कार्रवाई: 30 रेस्तरां सील, चस्पा किए पोस्टर
जम्मू में सिद्दड़ा रोड के किनारे बनाए गए 30 अवैध रेस्तरां को नगर निगम ने सील कर दिया है। कई भवनों के मालिकों को नोटिस जारी करते हुए पोस्टर भी चस्पा किए हैं। शनिवार सुबह कार्रवाई करने पहुंची नगर निगम की टीम का रेस्तरां मालिकों और अन्य लोगों ने विरोध किया। माहौल बिगड़ता देख नगर निगम के अधिकारियों ने पुलिस को बुला लिया। पुलिस और सुरक्षाबल के जवानों के आने के बाद दोबारा कार्रवाई शुरू की गई।
नगर निगम अधिकारियों के अनुसार कई रेस्तरां और दुकानें अवैध रूप से बनाई गई हैं, इसके लिए नगर निगम से अनुमति नहीं ली गई है और न ही लाइसेंस लिया गया है। नगर निगम एक्ट 2000 की धारा 330 और जेएंडके कंट्रोल ऑफ बिल्डिंग ऑपरेशन एक्ट 1988 की धारा 8(1) के तहत रेस्तरां मालिकों को पहले नोटिस जारी किए गए और अब इन्हें सील किया गया है। इससे पहले सिद्दड़ा में जिला प्रशासन की ओर से भी कार्रवाई अमल में लाई गई थी। यहां पर अवैध रूप से चल रहे कई प्रतिष्ठानों को बंद करवाया गया था। अब नगर निगम ने 30 प्रतिष्ठानों को सील कर दिया है। कार्रवाई सुबह नौ बजे शुरू हुई, जो दोपहर तक चलती रही।
रेस्तरां मालिक बोले, हाईकोर्ट में देंगे चुनौती
रेस्तरां के मालिक नगर निगम की टीम का विरोध जताते रहे। उनका कहना है कि उनके पास इमारत बनाने का अनुमति पत्र है। अब मामले में हाईकोर्ट में चुनौती दी जाएगी। नगर निगम और जिला प्रशासन मनमर्जी कर रहा है। इसका खामियाजा गरीब जनता को भुगतना पड़ रहा है। पहले भी लाखों रुपये का नुकसान हो चुका है। अब प्रतिष्ठान सील करने से नुकसान काफी बढ़ जाएगा।
सिद्दड़ा में 30 अवैध रेस्तरां सील किए गए है। नगर निगम से इन्हें बनाने की अनुमति नहीं ली गई है। साथ ही इन प्रतिष्ठानों के बाहर पोस्टर भी चस्पा किए गए हैं। पोस्टर हटाने और सील तोड़ने की कोशिश करने वालों पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। - राजेश गुप्ता, मुख्य खिलाफवर्जी अधिकारी, नगर निगम
परेड मैदान के पास नगर निगम ने छुड़ाया कब्जा
नगर निगम ने परेड मैदान के पास एक मुलाजिम को अलॉट किए भवन से कब्जा छुड़ाया है। यहां पर नगर निगम ने ग्राउंड फ्लोर के अलावा दो मंजिला भवन बनाया है। इसको कामर्शियल और आवासीय प्रयोग के लिए अलॉट किया गया था। लेकिन उक्त कर्मचारी ने इसे आगे किराए पर चढ़ा रखा था और इसकी एवज में लाभ कमा रहा था। नगर निगम की टीम ने भवन से कब्जा छुड़ा लिया है। यह भवन पांच मरले में बना है।