{"_id":"61b8dc8480930e7f7a665107","slug":"protest-udhampur-news-jmu249835527","type":"story","status":"publish","title_hn":"जिला अस्पताल प्रशासन के खिलाफ किया प्रदर्शन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जिला अस्पताल प्रशासन के खिलाफ किया प्रदर्शन
विज्ञापन
उधमपुर में जिला अस्पताल के बाहर अस्पताल प्रशासन के खिलाफ प्रदर्शन करते पंचैरी व लांदर क लोग
- फोटो : UDHAMPUR
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
उधमपुर। शव को लांदर ले जाने के लिए वाहन न मिलने से नाराज पंचैरी व लांदर के लोगों ने मंगलवार को जिला अस्पताल प्रशासन के खिलाफ प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि पहले उनको पोस्टमार्टम के लिए दूसरे स्थान पर भेजा गया, और अब वाहन न देकर परेशान किया जा रहा है।
शाम करीब साढ़े चार बजे लोगों ने पंचैरी ब्लॉक की चुलना पंचायत के सरपंच कुलदीप कुमार के नेतृत्व में जिला अस्पताल प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। प्रदर्शन के दौरान सरपंच ने बताया कि सोमवार को लांदर निवासी रमेश कुमार की पीएचसी टिकरी में मौत हो गई थी। पीएचसी में बीएमओ ने पोस्टमार्टम करने से इंकार कर दिया, और उनको जिला अस्पताल भेज दिया।
मंगलवार सुबह करीब नौ बजे पोस्टमार्टम के लिए वे जिला अस्पताल पहुंचे। पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी करने में अस्पताल प्रशासन ने शाम के चार बजा दिए। उसके बाद शव को घर ले जाने के लिए वाहन की मांग की तो प्रशासन ने वाहन देने से साफ इंकार कर दिया। जिला अस्पताल में शव को ले जाने के लिए विशेष तौर पर वाहन मौजूद हैं। इसके बावजूद उनको वाहन नहीं दिया गया। आए दिन लोगों को इस तरह की परेशानी का सामना करना पड़ता है। कभी कभार तो मरीज को एंबुलेंस तक की सुविधा नहीं दी जाती। उनकी मांग है कि प्रशासन अस्पताल प्रशासन की कार्यप्रणाली पर नजर रखे, और यह सुनिश्चित करे कि अस्पताल पहुंचने वाले लोगों को सभी सुविधाएं मिलें।
विज्ञापन
विज्ञापन
शाम करीब साढ़े चार बजे लोगों ने पंचैरी ब्लॉक की चुलना पंचायत के सरपंच कुलदीप कुमार के नेतृत्व में जिला अस्पताल प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। प्रदर्शन के दौरान सरपंच ने बताया कि सोमवार को लांदर निवासी रमेश कुमार की पीएचसी टिकरी में मौत हो गई थी। पीएचसी में बीएमओ ने पोस्टमार्टम करने से इंकार कर दिया, और उनको जिला अस्पताल भेज दिया।
विज्ञापन
मंगलवार सुबह करीब नौ बजे पोस्टमार्टम के लिए वे जिला अस्पताल पहुंचे। पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी करने में अस्पताल प्रशासन ने शाम के चार बजा दिए। उसके बाद शव को घर ले जाने के लिए वाहन की मांग की तो प्रशासन ने वाहन देने से साफ इंकार कर दिया। जिला अस्पताल में शव को ले जाने के लिए विशेष तौर पर वाहन मौजूद हैं। इसके बावजूद उनको वाहन नहीं दिया गया। आए दिन लोगों को इस तरह की परेशानी का सामना करना पड़ता है। कभी कभार तो मरीज को एंबुलेंस तक की सुविधा नहीं दी जाती। उनकी मांग है कि प्रशासन अस्पताल प्रशासन की कार्यप्रणाली पर नजर रखे, और यह सुनिश्चित करे कि अस्पताल पहुंचने वाले लोगों को सभी सुविधाएं मिलें।
विज्ञापन