{"_id":"6262ef82b4dbb316e34e4fdc","slug":"cleaning-problem-udhampur-news-jmu258359546","type":"story","status":"publish","title_hn":"देविकानगरी की गली गली में कचरा व दुर्गंध का बोलबाला","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
देविकानगरी की गली गली में कचरा व दुर्गंध का बोलबाला
विज्ञापन
उधमपुर: सफाई कर्मचारी यूनियन द्वारा किया गया प्रदर्शन तथा शहर में लगने लगे गंदगी के ढेर.
- फोटो : UDHAMPUR
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
उधमपुर। सफाई कर्मचारियों की हड़ताल के दूसरे दिन ही देविकानगरी में सफाई व्यवस्था चरमराई नजर आई। जहां भी नजर पड़ी, वहीं गंदगी के ढेर नजर आए। मोहल्लों की गलियों में गंदगी फैली नजर आ रही थी। इससे शहरवासियों की चिंता बढ़ गई है।
वीरवार को हड़ताल शुरू होते ही किसी भी सफाई कर्मी ने शहर में सफाई नहीं की। गंदगी न उठाए जाने के बाद शहर के विभिन्न हिस्सों में गंदगी के बड़े बड़े ढेर नजर आ रहे हैं। गंदगी के ढेरों से उठने वाली असहनीय दुर्गंध के चलते लोगों का पैदल चलना भी मुश्किल हो गया है। कूड़े के ढेरों में मवेशी मुंह मार रहे थे। शहर की हर सड़क व गली में सिर्फ गंदगी ही फैली हुई नजर आ रही है।
डंपिंग स्टेशन से कचरा न उठाए जाने के कारण शहरवासियों के लिए सलाथिया चौक, धार रोड व अन्य कई स्थानों से होकर गुजरना मुश्किल हो गया है। सफाई न होने के कारण शहरवासियों की चिंता भी बढ़ गई है। शहर के विभिन्न हिस्सों में लगाए गए कूड़े दान पूरी तरह भर गए हैं। लोगों ने इनके भरने के बाद कूड़े को कूड़ेदान के बाहर जमा करना शुरू कर दिया है। घर घर से कचरा उठाने वाले निजी कर्मचारी काम कर रहे हैं।
विज्ञापन
ये लोग घरों से कचरा लेकर सुई इलाके में जमा कर रहे हैं। लेकिन, इससे कुछ ज्यादा राहत नहीं मिल रही है। शहर के बाजार की भी हालत खराब है। बाजार में चारों तरफ कचरा फैला पड़ा है। शहरवासियों का कहना है कि जब भी सफाई कर्मचारियों ने हड़ताल की है, इसके गंभीर परिणाम शहरवासियों को ही भुगतने पड़े हैं। अगर यह हड़ताल ज्यादा दिन चली तो रास्ते से गुजरना भी मुश्किल हो जाएगा है। इसलिए, सरकार को इसको गंभीरता से लेकर जरूरी कदम उठाने चाहिए।
विज्ञापन
वीरवार को हड़ताल शुरू होते ही किसी भी सफाई कर्मी ने शहर में सफाई नहीं की। गंदगी न उठाए जाने के बाद शहर के विभिन्न हिस्सों में गंदगी के बड़े बड़े ढेर नजर आ रहे हैं। गंदगी के ढेरों से उठने वाली असहनीय दुर्गंध के चलते लोगों का पैदल चलना भी मुश्किल हो गया है। कूड़े के ढेरों में मवेशी मुंह मार रहे थे। शहर की हर सड़क व गली में सिर्फ गंदगी ही फैली हुई नजर आ रही है।
विज्ञापन
डंपिंग स्टेशन से कचरा न उठाए जाने के कारण शहरवासियों के लिए सलाथिया चौक, धार रोड व अन्य कई स्थानों से होकर गुजरना मुश्किल हो गया है। सफाई न होने के कारण शहरवासियों की चिंता भी बढ़ गई है। शहर के विभिन्न हिस्सों में लगाए गए कूड़े दान पूरी तरह भर गए हैं। लोगों ने इनके भरने के बाद कूड़े को कूड़ेदान के बाहर जमा करना शुरू कर दिया है। घर घर से कचरा उठाने वाले निजी कर्मचारी काम कर रहे हैं।
विज्ञापन
ये लोग घरों से कचरा लेकर सुई इलाके में जमा कर रहे हैं। लेकिन, इससे कुछ ज्यादा राहत नहीं मिल रही है। शहर के बाजार की भी हालत खराब है। बाजार में चारों तरफ कचरा फैला पड़ा है। शहरवासियों का कहना है कि जब भी सफाई कर्मचारियों ने हड़ताल की है, इसके गंभीर परिणाम शहरवासियों को ही भुगतने पड़े हैं। अगर यह हड़ताल ज्यादा दिन चली तो रास्ते से गुजरना भी मुश्किल हो जाएगा है। इसलिए, सरकार को इसको गंभीरता से लेकर जरूरी कदम उठाने चाहिए।